ज्ञापन
देते
ग्रामीण
–
फोटो
:
अमर
उजाला
विस्तार
दमोह
जिले
के
हटा
ब्लाक
अंतर्गत
आने
वाले
वनांचल
गांव
में
रहने
वाले
ग्रामीणों
के
साथ
बिजली
कंपनी
के
द्वारा
एक
अनोखा
मजाक
किया
गया
है।
यहां
करीब
पांच
गांव
में
बिजली
लाइन
ही
नहीं
पहुंची
और
बिजली
कंपनी
के
अधिकारियों
ने
ग्रामीणों
को
मीटर
थमा
दिए।
एक
बार
तो
इन
ग्रामीणों
को
बिजली
बिल
भी
दे
दिए।
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बिजली
न
होने
की
समस्या
से
परेशान
होकर
यह
ग्रामीण
मंगलवार
को
मीटर
लेकर
जिला
पंचायत
सदस्य
के
साथ
बड़ी
संख्या
में
दमोह
कलेक्ट्रेट
पहुंचे
और
जनसुनवाई
में
अधिकारियों
को
अपनी
समस्या
बताते
हुए
एक
ज्ञापन
दिया।
ग्रामीणों
का
कहना
है
कि
यदि
15
दिन
में
उनकी
समस्या
का
समाधान
नहीं
होता
तो
वह
बिजली
स्टेशन
के
अंदर
धरना
प्रदर्शन
करने
मजबूर
होंगे।
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जिला
पंचायत
सदस्य
अभिषेक
जैन
के
साथ
बड़ी
संख्या
में
ग्राम
पंचायत
दमोतीपुरा,
नारायणपुरा
के
सूरजपुरा,
मनकपुरा,
डोंगरपुरा,
कुंवरपुरा
गांव
के
ग्रामीण
मीटर
लेकर
जनसुनवाई
में
पहुंचे।
इन
ग्रामीणों
ने
बताया
कि
आज
तक
उनके
गांव
में
बिजली
नहीं
पहुंची
है।
करीब
350
परिवार
निवास
करते
हैं
जो
आजादी
से
लेकर
आज
तक
बिजली
की
बांट
जोह
रहे
है।
यह
सभी
जंगली
क्षेत्र
में
रहते
हैं।
बिजली
न
होने
से
जंगली
जीव
व
जहरीले
जीवों
का
हमेशा
ही
खतरा
बना
रहता
है।
बिजली
न
होने
से
गांव
के
सभी
बच्चों
का
भविष्य
अंधकार
में
है
और
किसान
समय
पर
सिंचाई
भी
नहीं
कर
पाते
है।
हम
लोगों
को
बिजली
की
सुविधा
तो
दी
नहीं
गई
और
बिजली
मीटर
थमा
दिए
गए।
जबकि
ग्रामीणों
के
द्वारा
बिजली
की
मांग
को
लेकर
कई
वर्षों
से
शासन-प्रशासन
को
आवेदन
दिये
जा
रहे
है।
शिविर
में
भी
इसकी
मांग
की
जा
चुकी
है,
लेकिन
इस
ओर
कोई
सकारात्मक
पहल
नहीं
की
जा
रही
है।
जनप्रतिनिधि,
विधायक,
मंत्री
सभी
को
आवेदन
एवं
ज्ञापन
दे
चुके
है,
सीएम
हेल्पलाइन
में
भी
शिकायत
की,
लेकिन
कोई
नतीजा
नहीं
निकला।
बिजली
विभाग
द्वारा
गांव
में
सभी
परिवारों
के
सदस्यों
के
आधार
कार्ड
लेकर
बिजली
मीटर
वितरित
कर
दिये
गये
है।
जबकि
न
तो
गांव
में
बिजली
पोल
लगाये
गए
हैं
न
ही
बिजली
सप्लाई
के
लिये
लाइन
फैलाई
गई
है।
किसी
भी
घर
में
कनेक्शन
भी
नहीं
है,
एक
बार
तो
बिजली
बिल
भी
थमाया
जा
चुका
है
फिर
वापस
ले
लिये
गये।
ग्रामीणों
की
मांग
है
कि
सरकार
जब
गांवों
को
विभिन्न
कल्याणकारी
योजनाओं
से
जोड़
रही
है,
तो
हमारे
गांवों
को
भी
बिजली
की
सुविधा
से
जोड़ा
जाए।
ग्रामीणों
ने
अधिकारियों
को
चेतावनी
भी
दी
है
कि
15
दिन
में
हमारे
गांवों
को
बिजली
सुविधा
से
जोड़ा
जाये।
यदि
ऐसा
नहीं
होता
तो
गांव
के
सभी
लोग
अपने
परिवार
के
साथ
रजपुरा
बिजली
स्टेशन
में
धरना
प्रदर्शन
करने
मजबूर
होंगे।
हालांकि
अधिकारियों
ने
शीघ्र
ही
समस्या
हल
करने
का
आश्वासन
दिया।