
बागेश्वर
धाम
में
नए
वर्ष
के
पहले
दिन
लाखों
लोगों
ने
बालाजी
का
आशीर्वाद
लेते
हुए
हनुमान
चालीसा
का
पाठ
किया
और
परिक्रमा
की।
बागेश्वर
धाम
पीठाधीश्वर
पं.
धीरेंद्र
कृष्ण
शास्त्री
ने
दुनिया
भर
के
लोगों
को
अंग्रेजी
नववर्ष
की
शुभकामनाएं
देते
हुए
कहा
कि
आज
का
नौजवान
नए
साल
की
शुरुआत
होटल
और
ढाबों
में
जाने
के
बजाय
मंदिरों
से
कर
रहे
हैं।
उन्होंने
कहा
कि
यह
एक
बदलाव
की
बयार
है।
बाबा
बागेश्वर
ने
कहा
कि
आज
बागेश्वर
धाम
आए
लाखों
लोगों
ने
बालाजी
का
आशीर्वाद
लिया
है
और
नया
वर्ष
मंगलमय
हो
ऐसी
प्रार्थना
की
है।
गत
वर्ष
में
32
लाख
से
अधिक
लोगों
ने
लिया
अन्नपूर्णा
का
प्रसाद
बागेश्वर
बाबा
ने
बताया
कि
अन्नपूर्णा
कार्यालय
के
आंकड़ों
एवं
खर्च
हुए
राशन
सामग्री
के
मुताबिक
32
लाख
से
अधिक
लोगों
ने
वर्ष
2024
में
अन्नपूर्णा
का
प्रसाद
ग्रहण
किया।
उन्होंने
बताया
कि
अन्नपूर्णा
सेवा
बागेश्वर
धाम
में
अनवरत
चल
रही
है।
यहां
आने
वाले
श्रद्धालुओं
को
अन्नपूर्णा
का
प्रसाद
नि:शुल्क
मिल
रहा
है।
11
हजार
पौधे
रोपे,
18
कैंप
लगे,
लोगों
को
मिला
लाभ
बाबा
बागेश्वर
ने
गत
वर्ष
की
सेवाओं
की
चर्चा
करते
हुए
कहा
कि
विगत
वर्ष
करीब
11
हजार
पौधे
रोपे
गए।
वहीं
स्वास्थ
को
ध्यान
में
रखते
हुए
करीब
डेढ़
दर्जन
स्वास्थ्य
शिविर
लगाए
गए,
जिसके
माध्यम
से
500
महिला,
पुरुषों
को
नेत्र
ज्योति
मिली
और
हजारों
लोगों
के
स्वास्थ्य
की
जांच
भी
हुई।
दुनिया
के
कई
देशों
में
जगी
सनातन
की
अलख
साल
2024
में
बागेश्वर
महाराज
ने
विश्व
के
कई
देशों
की
यात्रा
कर
सनातन
धर्म
की
अलख
जगाई।
बाबा
बागेश्वर
ने
फिजी,
न्यूजीलैंड,
मुस्लिम
देश
दुबई,
ऑस्ट्रेलिया
और
लंदन
पहुंच
कर
सनातन
प्रेमियों
को
जगाया।
उन्होंने
सभी
सनातन
प्रेमियों
से
कहा
कि
अपने
धर्म
के
लिए
अब
एक
साथ
उठ
खड़े
होने
का
समय
आ
गया
है।
सैकड़ों
वर्ष
बाद
हुई
सनातन
एकता
के
लिए
पदयात्रा
बाबा
बागेश्वर
ने
बताया
कि
गत
वर्ष
101
संत
महापुरुष
धाम
पर
आए
और
आठ
महापुरुषों
ने
बालाजी
को
कथा
श्रवण
कराई।
यहां
160
बेटियों
के
विगत
वर्ष
विवाह
हुये।
उन्होंने
बताया
कि
जात-पात
की
दीवार
तोड़ने
का
जो
बिगुल
बागेश्वर
धाम
से
फूंका
गया
है,
उसका
प्रभाव
दिखने
लगा
है।
160
किलोमीटर
की
सनातन
जोड़ो
पैदल
यात्रा
सैकड़ों
वर्ष
बाद
हुई
है।
इस
पदयात्रा
के
दौरान
समरसता
भोज
के
माध्यम
से
समाज
के
हर
वर्ग
को
जोड़ने
का
प्रयास
हुआ
है।
इस
साल
के
तीन
संकल्प,
फिर
होगी
सनातन
जोड़ो
पदयात्रा
बाबा
बागेश्वर
ने
अपने
संदेश
के
माध्यम
से
अवगत
कराया
कि
इस
वर्ष
भी
सनातन
एकता
यात्रा
की
जाएगी।
लोगों
को
जोड़ने
के
लिए
यह
यात्रा
की
जायेगी।
उन्होंने
नए
साल
के
तीन
संकल्पों
को
बताते
हुए
कहा
कि
26
फरवरी
को
251
कन्याओं
का
विवाह
होगा,
जिसमें
108
कन्याएं
आदिवासी
समुदाय
से
होगी
और
151
कन्याएं
अन्य
समुदायों
से
होंगी।
उन्होंने
ने
बताया
कि
दूसरा
संकल्प
कैंसर
हॉस्पिटल
की
आधारशिला
रखने
व
तीसरे
संकल्प
में
फिर
इस
वर्ष
सनातन
धर्म
प्रेमियों
को
जोड़ने
के
लिए
एकता
यात्रा
करना
शामिल
है।