
दमोह
जिले
की
जबेरा
विधानसभा
के
नोहटा
में
सात
दिवसीय
नोहलेश्वर
महोत्सव
धूमधाम
से
मनाया
जा
रहा
है।
यह
आयोजन
22
फरवरी
से
शुरू
हुआ
है
और
28
फरवरी
तक
चलेगा।
इस
महोत्सव
में
भक्ति,
संगीत
और
सांस्कृतिक
कार्यक्रमों
की
बहार
छाई
हुई
है।
बुधवार
की
रात,
प्रसिद्ध
भजन
गायक
लखबीर
सिंह
लक्खा
ने
अपने
मधुर
भजनों
से
दर्शकों
का
मन
मोह
लिया।
उनके
गाए
देवी
गीतों
पर
श्रोता
झूम
उठे,
खासतौर
पर
“मैया
का
चोला
है
रंग
लाल”
भजन
ने
समां
बांध
दिया,
जिस
पर
मध्यप्रदेश
के
पर्यटन
एवं
संस्कृति
राज्य
मंत्री
धर्मेंद्र
सिंह
लोधी
और
उनके
भाई
सत्येंद्र
सिंह
भी
थिरकते
नजर
आए।
विराट
कवि
सम्मेलन
में
शैलेश
लोढ़ा
ने
बांधा
समां
महोत्सव
के
तहत
मंगलवार
रात
को
सांस्कृतिक
कार्यक्रमों
के
साथ
विराट
कवि
सम्मेलन
का
आयोजन
हुआ।
इसमें
लोकप्रिय
कवि
और
‘तारक
मेहता
का
उल्टा
चश्मा’
फेम
शैलेश
लोढ़ा
ने
अपने
व्यंग्य,
हास्य
और
प्रेरणादायक
कविताओं
से
श्रोताओं
को
मंत्रमुग्ध
कर
दिया।
उन्होंने
अपने
अंदाज
में
जीवन
के
अनमोल
पहलुओं
को
छुआ,
उन्होंने
“अहिंसा
के
पुजारी
हम
हैं,
लेकिन
सुन
ले
दुनिया,
अहिंसक
हैं,
नपुंसक
नहीं
हैं।”, “पहले
अभाव
में
खुशियां
थीं,
अब
खुशियों
का
अभाव
है।”,”सहजता
थी,
सादगी
थी,
बंदगी
थी;
तब
जिंदगी
थी,
फेसबुक-व्हाट्सएप
नहीं
था।”
कविताएं
सुनाकर
समां
बांध
दिया।
मुख्यमंत्री
का
वर्चुअल
संबोधन
मुख्यमंत्री
डॉ.
मोहन
यादव
ने
भी
इस
महोत्सव
में
वर्चुअली
शामिल
होकर
सभी
को
संबोधित
किया।
उन्होंने
नोहलेश्वर
महोत्सव
की
भव्यता
की
सराहना
करते
हुए
कहा
कि
यह
आयोजन
न
केवल
सांस्कृतिक
धरोहर
को
सहेज
रहा
है,
बल्कि
देशभर
के
कलाकारों
को
एक
मंच
पर
ला
रहा
है।
मुख्यमंत्री
ने
पर्यटन
विभाग
और
मंत्री
धर्मेंद्र
सिंह
को
इस
सफल
आयोजन
के
लिए
बधाई
दी।
संस्कृति
और
पर्यटन
का
संगम
पर्यटन
एवं
संस्कृति
विभाग
द्वारा
आयोजित
इस
महोत्सव
में
देशभर
के
प्रसिद्ध
कलाकार
अपनी
प्रस्तुतियों
से
लोगों
का
मनोरंजन
कर
रहे
हैं।
यह
महोत्सव
सांस्कृतिक
धरोहर,
भक्ति,
संगीत
और
हास्य
से
भरपूर
कार्यक्रमों
का
संगम
है,
जिसने
नोहटा
को
सांस्कृतिक
उत्सव
का
केंद्र
बना
दिया
है।