Indore News: मांस-मटन दुकानों पर सख्त आदेश, इंदौर और भोपाल में बंद रहेंगे खास दिन


इंदौर
महापौर
पुष्यमित्र
भार्गव
ने
4
दिनों
तक
मांस-मटन
की
दुकानों
को
बंद
रखने
का
आदेश
जारी
किया
है।
इस
आदेश
में
कहा
गया
है
कि
इन
दिनों
मांस-मटन
की
दुकानें
पूरी
तरह
से
बंद
रहेंगी।
यह
आदेश
30
मार्च
(गुड़ी
पड़वा/चेटीचंड),
6
अप्रैल
(रामनवमी),
10
अप्रैल
(महावीर
जयंती)
और
12
मई
(बुद्ध
जयंती)
के
दिनों
में
लागू
होगा।
महापौर
ने
स्पष्ट
किया
कि
यदि
इन
आदेशों
का
उल्लंघन
किया
जाता
है
और
मांस-मटन
की
बिक्री
जारी
रहती
है,
तो
नगर
निगम
सख्ती
से
कार्रवाई
करेगा।
पिछले
साल
भी
इसी
प्रकार
का
आदेश
जारी
किया
गया
था
और
प्रशासन
ने
इसे
सख्ती
से
लागू
किया
था।


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भोपाल
में
भी
लागू
होंगे
समान
आदेश

भोपाल
में
भी
मांस-मटन
की
दुकानों
को
बंद
रखने
के
आदेश
जारी
किए
गए
हैं।
नगर
निगम
ने
30
मार्च
(चेटीचंड),
6
अप्रैल
(रामनवमी),
10
अप्रैल
(महावीर
जयंती)
और
12
मई
(बुद्ध
जयंती)
को
मांस
की
दुकानों
को
बंद
रखने
का
निर्णय
लिया
है।
निगम
ने
साफ
कर
दिया
है
कि
इन
दिनों
मांस
बेचते
हुए
पाए
जाने
वाले
दुकानदारों
के
खिलाफ
सख्त
कार्रवाई
की
जाएगी।
उनकी
दुकान
का
लाइसेंस
निरस्त
किया
जाएगा
और
पुलिस
कार्रवाई
भी
की
जाएगी।
इस
निर्णय
का
पालन

करने
पर
कठोर
कदम
उठाने
की
चेतावनी
दी
गई
है।


भाजपा
विधायक
का
बयान

भोपाल
के
भाजपा
विधायक
रामेश्वर
शर्मा
ने
इस
आदेश
को
लेकर
अपनी
प्रतिक्रिया
दी
है।
उन्होंने
कहा
कि
विभिन्न
राजनीतिक
पार्टियां
जैसे
कांग्रेस,
सपा
और
बसपा
गंगा-जमुनी
तहजीब
का
प्रचार
करती
हैं
और
सभी
धर्मों
का
सम्मान
करने
की
बात
करती
हैं।
उन्होंने
यह
भी
कहा
कि
हिंदुओं
की
भावनाओं
का
सम्मान
करना
चाहिए,
खासकर
जब
उन्होंने
मांस-मटन
की
दुकानों
को
इन
विशेष
दिनों
में
बंद
रखने
की
अपील
की
हो।
रामेश्वर
शर्मा
ने
यह
भी
कहा
कि
वह
डंडे
के
बल
पर
दुकानों
को
बंद
नहीं
कराना
चाहते,
बल्कि
यह
हिंदू
समुदाय
की
एक
निवेदन
है
और
सभी
से
इसे
समझने
की
अपील
की
है।

धार्मिक
भावना
का
सम्मान

रामेश्वर
शर्मा
ने
आगे
कहा
कि
यह
कोई
बड़ी
बात
नहीं
है
कि
कुछ
दिनों
के
लिए
मांस
का
सेवन
बंद
कर
दिया
जाए।
उनके
अनुसार,
अगर
लोग
इन
कुछ
खास
दिनों
में
मांस
का
सेवन
नहीं
करेंगे,
तो
कोई
फर्क
नहीं
पड़ेगा
और
धरती
पर
किसी
का
अस्तित्व
खतरे
में
नहीं
आएगा।
उन्होंने
यह
भी
कहा
कि
उन
राजनीतिक
नेताओं
को
जो
विभिन्न
धर्मों
का
सम्मान
करने
की
बात
करते
हैं,
उन्हें
इस
मुद्दे
पर
भी
हिंदुओं
की
भावनाओं
का
सम्मान
करना
चाहिए।
इस
संदर्भ
में,
उन्होंने
इमामों
से
भी
अपील
की
कि
वे
समझाएं
कि
सबको
इन
विशेष
दिनों
में
मांस
का
सेवन

करने
की
भावना
का
सम्मान
करना
चाहिए।