Khargone : बोहरा समाज की मनी ईद, सैय्यदना साहब और देश के लिए की दुआएं, मजलिस के बाद शिर खुरमे की घुली मिठास

देश
और
दुनिया
भर
में
बसे
बोहरा
समाजजनों
ने
शनिवार
को
खत्म
हुए
रमजान
माह
में
एक
माह
तक
रोजा,
नमाज,
इबादत
और
खुदा
की
बंदगी
की।
इसके
बाद
देर
रात
सऊदी
अरब
में
नजर
आए
ईद
के
चांद
के
साथ
ही
रविवार
सुबह
से
ईद
की
नमाजों
का
आहते
एहतेमाम
किया
गया।
इसके
साथ
ही
मध्य
प्रदेश
के
खरगोन
जिले
में
भी
बोहरा
समाज
के
अनुयायियों
ने
रविवार
सुबह
हर्षोल्लास
के
साथ
ईद
उल
फितर
का
पर्व
मनाया।
ईद
के
इस
पर्व
को
लेकर
समाज
के
युवाओं,
बच्चों
सहित
हर
वर्ग
में
खासा
उत्साह
देखने
को
मिला।

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रहा
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ने
फुलपाती
खेलकर
माता
को
दिए
झालरिए

इस
दौरान
खरगोन
में
बोहरा
समाज
जनों
संग
गुजरात
सूरत
से
ईद
मनाने
पहुंचे
शेख
यूसुफ
भाई
बढवानी
वाला
ने
नगर
के
बोहरा
बाखल
स्थित
सैफी
मस्जिद
में
ईद
का
खुत्बा
(नमाज)
पढ़ाया।
जहां
ईद
की
नमाज
के
बाद
खुशी
मजलिस
हुई।
इस
दौरान
जमात
के
द्वारा
वहां
मौजूद
समाज
जनों
को
शिर
खुरमा
खिलाया
गया।
यहां
ईद
की
मजलिस
के
दौरान
जनाब
साहब
ने
सबसे
पहले
समाजजनों
को
ईद
की
मुबारकबाद
पेश
की।
इसके
साथ
ही
उन्होंने
सभी
देशवासियों
को
भी
ईद
की
मुबारकबाद
दी।
वहीं
उन्होंने
दुआएं भी
कीं।
इसमें
उन्होंने
कहा
कि
हम
बहुत
कसूरवार
हैं।
इसलिए
इबादत
करने
में
हमसे
कोई
कसूर
रहा
हो
तो
खुदा
हमें
माफ
कर।

खुदा
तो
हमारी
इबादत
को
कबूल
फरमा।

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इधर
समाज
के
ताहरी
हॉल
और
बुरहानी
मस्जिद
में
भी
ईद
की
नमाज
अदा
की
गई।
जहां
ताहेरी
हाल
में
जनाब
मुल्ला
हुसैन
भाई
ने
और
बुरहानी
मस्जिद
में
जनाब
शेख
हुजैफा
भाई
सुल्तान
ने
ईद
का
खुत्बा
पढ़ाया।
इसके
साथ
ही
इन
सभी
जगहों
पर
धर्मगुरु
आलिकदर
सैयदना
मुफ़्फ़दल
सैफ़ुद्दीन
साहब
की
लंबी
उम्र
और
सेहत
के
साथ
ही
देश
की
तरक्की,
अमन-चैन,
भाईचारा
के
लिए
भी
दुआए
की
गईं।
इस
मजलिस
के
अंत
मे
समाज
जनों
ने
आमिल
साहब
का
हाथ
चूमकर
उन्हें
मुबारकबादी
दी।
इसके
साथ
ही
समाजजनों
में
आपस
में
भी
एक
दूसरे
को
गले
लगकर
और
हाथ
चूमकर
ईद
की
मुबारकबाद
पेश
की।
बता
दें
कि,
बोहरा
समाजजनों
ने
कल
रात
से
ही
ईद
की
तैयारी
शुरू
कर
दी
थी।
नए
कपड़ों
की
दमक
और
शिर
खुरमे
की
महक
ने
इस
माहौल
को
और
भी
खुशगवार
कर
दिया
था।
ईद
को
लेकर
बच्चों
में
विशेष
उत्साह
भी
देखा
गया।