अंतराष्ट्रीय चाय दिवस: चलो एक चाय हो जाए से…2.40 करोड़ कप चाय शहरी पी रहे रोज, रोजाना 30 हजार किलो की खपत

अंतराष्ट्रीय चाय दिवस: चलो एक चाय हो जाए से…2.40 करोड़ कप चाय शहरी पी रहे रोज, रोजाना 30 हजार किलो की खपत
एक चाय की चुस्की एक कहकहा, अपना तो इतना सामान ही रहा… किसी कवि की यह पंक्तियां बतोलेबाज और जिंदादिलों के शहर कानपुर पर सटीक बैठती हैं। यहां मौसम और अवसर कोई भी हो बातें चाय की चुस्कियों के साथ चलती हैं।