
शाजापुर
जिले
के
कालापीपल
विधानसभा
क्षेत्र
के
विधायक
घनश्याम
चंद्रवंशी
ने
मुख्यमंत्री
डॉ.
मोहन
यादव
को
एक
पत्र
लिखा
है।
यह
पत्र
राजनीतिक
और
सामाजिक
हलकों
में
चर्चा
का
कारण
बन
गया
गया
है।
पत्र
के
जरिए
विधायक
चंद्रवंशी
ने
सीएम
से
मांग
करते
हुए
कहा
कि
सरकार
प्रदेश
के
आम
नागरिकों
को
शस्त्र
चलाने
का
प्रशिक्षण
दिलवाए
और
शस्त्र
लाइसेंस
(बंदूक)
पर
लगी
रोक
भी
हटाई
जाए।
सीएम
यादव
को
भेजे
पत्र
में
चंद्रवंशी
ने
लिखा-
हाल
ही
में
संपन्न
हुए
ऑपरेशन
सिंदूर
से
प्रदेशवासियों
में
देशभक्ति
और
आत्मरक्षा
की
भावना
जागृत
हुई
है।
ऐसे
में
समाज
के
हर
नागरिक,
विशेषकर
बहनों
को
आत्मरक्षा
के
लिए
शस्त्र
का
ज्ञान
और
प्रशिक्षण
मिलना
चाहिए।
उन्होंने
कहा
कि
वर्तमान
में
शस्त्र
लाइसेंस
बनाने
पर
लगी
रोक
के
कारण
इच्छुक
नागरिकों
को
कठिनाइयों
का
सामना
करना
पड़
रहा
है।
कई
लोगों
के
लाइसेंस
वर्षों
से
लंबित
हैं
या
बन
ही
नहीं
पा
रहे
हैं।
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हो
सकते
हैं
फैसले
विधायक
ने
सुझाव
दिया
कि
शस्त्र
लाइसेंस
प्रक्रिया
को
सरल
बनाया
जाए
और
रेडक्रॉस
फंड
के
रूप
में
ली
जाने
वाली
राशि
को
भी
कम
किया
जाए,
ताकि
आमजन
तक
इसकी
पहुंच
बढ़
सके।
उन्होंने
यह
भी
आग्रह
किया
कि
नियमों
का
पालन
करने
वाले
नागरिकों
को
प्राथमिकता
के
आधार
पर
शस्त्र
लाइसेंस
जारी
किए
जाएं।
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भी
जारी
रहेगा
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38
जिलों
में
अलर्ट,
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4
दिन
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ही
रहेगा
मौसम
चंद्रवंशी
ने
इस
मुद्दे
को
केवल
प्रशासनिक
स्तर
तक
सीमित
न
रखते
हुए
सोशल
मीडिया
पर
भी
सक्रियता
दिखाई
है।
उन्होंने
अपने
सोशल
मीडिया
पोस्ट
में
लिखा,
“मैंने
मुख्यमंत्री
महोदय
से
राज्य
में
शस्त्र
लाइसेंस
पर
लगी
रोक
हटाने
का
अनुरोध
किया
है,
जिससे
आमजन
आत्मरक्षा
के
लिए
सक्षम
हो
सकें।”
विधायक
की
इस
पहल
को
लेकर
आम
नागरिकों
में
समर्थन
देखने
को
मिल
रहा
है।
कई
लोगों
ने
इसे
आत्मरक्षा
के
अधिकार
की
दिशा
में
सार्थक
कदम
बताया
है
और
सरकार
से
जल्द
निर्णय
लेने
की
अपील
की
है।