Damoh News: भाइयों के झगड़े में पुलिस नहीं, बजरंगबली बने जज, मंदिर में गूंजा ‘इंसाफ’


दमोह
जिले
के
जबलपुर
नाका
चौकी
क्षेत्र
के
भूरी
गांव
में
एक
अनोखा
मामला
सामने
आया
है,
जहां
दो
भाइयों
के
बीच
पारिवारिक
विवाद
को
सुलझाने
के
लिए
बजरंगबली
को
न्यायाधीश
माना
गया।
बुधवार
को
यह
मामला
पुलिस
चौकी
तक
पहुंचा
और
अंत
में
मंदिर
में
बैठे
भगवान
के
सामने
फैसला
हुआ।


गोद
लिए
भतीजे
से
टूटा
रिश्ता,
बढ़ा
विवाद

जानकारी
के
अनुसार,
गणेश
साहू
ने
2022
में
अपने
छोटे
भाई
राम
प्रसाद
के
बेटे
खुमान
को
गोद
लिया
था,
क्योंकि
उनके
कोई
संतान
नहीं
थी।
लेकिन
2024
में
खुमान
की
शादी
के
बाद
पारिवारिक
कलह
शुरू
हो
गई।
पत्नी
के
साथ
अनबन
के
चलते
खुमान
ने
बड़े
पिता
से
नाता
तोड़
दिया
और
उनके
पास
मौजूद
सोने-चांदी
के
जेवर
और
बाइक
लेकर
चला
गया।
इसी
को
लेकर
विवाद
जबलपुर
नाका
पुलिस
चौकी
तक
पहुंचा।


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का
नाम?


बजरंगबली
को
बनाया
न्यायाधीश,
मंदिर
में
हुआ
समझौता

बुधवार
को
चौकी
प्रभारी
आनंद
अहिरवार
ने
दोनों
पक्षों
को
बुलाकर
आपसी
समझौते
के
लिए
कहा।
दोनों
पक्षों
ने
शर्त
रखी
कि
वे
चौकी
में
बने
बजरंगबली
मंदिर
में
भगवान
को
साक्षी
मानकर
समझौता
करेंगे।
चौकी
प्रभारी
ने
सहमति
दी
और
दोनों
पक्ष
मंदिर
में
पहुंचे,
जहां
बजरंगबली
को
न्यायाधीश
मानते
हुए
विवाद
का
समाधान
कर
लिया
गया।
गणेश
साहू
ने
बताया
कि
खुमान
ने
उनके
400
ग्राम
चांदी
का
डोरा,
200
ग्राम
चांदी
की
पायल
और
5
ग्राम
सोने
की
झुमकी
लौटा
दी
है।
वहीं
बाइक
के
बदले
उन्हें
30,000
रुपये
दे
दिए
गए
हैं।
इस
तरह
विवाद
शांतिपूर्वक
सुलझा।