
स्वास्थ्य
विभाग
इंदौर
में
हाल
ही
में
जन्मे
नवजातों
से
लेकर
पिछले
5
साल
में
पैदा
हुए
बच्चों
के
स्वास्थ्य
परीक्षण
हेतु
दस्तक
अभियान
प्रारंभ
करने
जा
रहा
है।
यह
अभियान
22
जुलाई
से
शुरू
होकर
16
सितंबर
तक
जिलेभर
में
चलेगा।
टीकाकरण
अधिकारी
के
अनुसार,
इंदौर
जिले
में
ऐसे
बच्चों
की
संख्या
4
लाख
से
अधिक
है,
जिनका
इस
अभियान
के
तहत
स्वास्थ्य
परीक्षण
किया
जाएगा।
विज्ञापन
Trending
Videos
मंगलवार
और
शुक्रवार
को
विशेष
जांच
व्यवस्था
जिला
टीकाकरण
अधिकारी
तरुण
गुप्ता
ने
जानकारी
दी
कि
यह
अभियान
न
सिर्फ
इंदौर
बल्कि
पूरे
मध्यप्रदेश
में
संचालित
किया
जाएगा।
सप्ताह
में
दो
दिन मंगलवार
और
शुक्रवार
को नवजात
एवं
5
वर्ष
तक
के
कुपोषित
बच्चों
की
विशेष
रूप
से
हिमोग्लोबिन
सहित
कई
तरह
की
बाल
रोगों
से
संबंधित
जांच
की
जाएगी।
साथ
ही
बच्चों
की
माताओं
को
डायरिया
और
अन्य
बीमारियों
के
लक्षणों
की
पहचान
और
बचाव
के
उपायों
की
जानकारी
दी
जाएगी।
विज्ञापन
घर-घर
जाकर
होगी
जांच
टीकाकरण
अधिकारी
के
अनुसार,
जो
बच्चे
किसी
कारणवश
टीकाकरण
केंद्र
या
आंगनवाड़ी
तक
नहीं
पहुंच
पाते,
उनके
लिए
स्वास्थ्य
कार्यकर्ता
घर-घर
जाकर
जांच
करती
हैं।
यह
व्यवस्था
सुनिश्चित
करती
है
कि
कोई
भी
बच्चा
जांच
और
उपचार
से
वंचित
न
रह
जाए।
अभियान
के
अंतर्गत
5
साल
तक
की
उम्र
के
सभी
बच्चों
को
शामिल
किया
जाएगा।
बाल
मृत्यु
दर
कम
करने
की
दिशा
में
प्रयास
यह
दस्तक
अभियान
स्वास्थ्य
विभाग
और
महिला
एवं
बाल
विकास
विभाग
के
संयुक्त
प्रयासों
से
संचालित
किया
जा
रहा
है।
इसमें
एएनएम,
आशा
और
आंगनवाड़ी
कार्यकर्ता
भी
सक्रिय
रूप
से
भाग
लेती
हैं।
अभियान
का
मुख्य
उद्देश्य
बच्चों
में
बीमारियों
की
समय
पर
पहचान
कर
उनका
इलाज
करना
और
बाल
मृत्यु
दर
को
प्रभावी
रूप
से
कम
करना
है।