Balaghat News: बाघ से भिड़ा चरवाहा, डंडे बरसाकर जान बचाई, 200 मीटर लहूलुहान चलकर बेटे को दी सूचना

Balaghat News: बाघ से भिड़ा चरवाहा, डंडे बरसाकर जान बचाई, 200 मीटर लहूलुहान चलकर बेटे को दी सूचना

बुधवार
सुबह
बालाघाट
जिले
के
कंटगी
वन
परिक्षेत्र
अंतर्गत
कन्हड़गांव
बीट
में
जंगल
में
मवेशी
चरा
रहे
एक
चरवाहे
पर
बाघ
ने
अचानक
हमला
कर
दिया।
हमले
में
युवक
के
सिर
और
हाथ
में
गहरे
जख्म
आए
हैं,
लेकिन
जान
पर
बन
आई
तो
युवक
ने
भी
हिम्मत
दिखाई
और
डंडे
से
बाघ
पर
पलटवार
कर
दिया।
डंडे
की
मार
से
बाघ
वहां
से
भाग
गया।
घायल
युवक
किसी
तरह
200
मीटर
तक
जंगल
से
बाहर
आया
और
फोन
कर
बेटे
को
सूचना
दी।
बेटे
ने
वन
विभाग
को
सूचना
दी।
वन
विभाग
की
टीम
तत्काल
मौके
पर
पहुंची
और
युवक
को
इलाज
के
लिए
अस्पताल
पहुंचाया।


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घटना
सुबह
करीब
8
से
9
बजे
के
बीच
की
है।
ग्राम
कन्हड़गांव
निवासी
बस्तीराम
रोज
की
तरह
जंगल
में
मवेशी
चराने
गया
था।
इसी
दौरान
पीछे
से
बाघ
ने
उस
पर
हमला
कर
दिया।
बाघ
ने
पहले
सिर
पर
पंजा
मारा,
फिर
हाथ
पर।
बस्तीराम
नीचे
गिर
गया
लेकिन
उसने
तुरंत
डंडे
से
वार
कर
बाघ
को
भगाया।


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विभाग
ने
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पकड़ा


खून
से
लथपथ
हालत
में
200
मीटर
चला

हमले
के
बाद
गंभीर
रूप
से
घायल
बस्तीराम
200
मीटर
तक
लहूलुहान
हालत
में
पैदल
चला
और
फिर
बेटे
को
फोन
कर
जानकारी
दी।
इसके
बाद
बेटे
ने
वन
विभाग
को
सूचना
दी।
वन
विभाग
की
टीम
तुरंत
पहुंची
और
बस्तीराम
को
कंटगी
अस्पताल
ले
जाया
गया।
यहां
से
प्राथमिक
उपचार
के
बाद
उसे
जिला
अस्पताल
बालाघाट
रेफर
किया
गया।

हालत
स्थिर,
इलाज
का
खर्च
सरकार
उठाएगी

कंटगी
सामान्य
परिक्षेत्र
सहायक
बाबूलाल
चढ़ार
ने
बताया
कि
बस्तीराम
की
हालत
अभी
स्थिर
है।
वन
विभाग
ने
तात्कालिक
सहायता
के
तौर
पर
5
हजार
रुपए
दिए
हैं।
साथ
ही
आगे
के
इलाज
का
पूरा
खर्च
भी
विभाग
द्वारा
उठाया
जाएगा।

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ऐसा
कि
तीन
इंजेक्शन
लगने
के
बाद
भी
नहीं
बची
जान


क्षेत्र
में
बाघ
की
सक्रियता,
ग्रामीणों
को
जंगल

जाने
की
सलाह

वन
विभाग
ने
उस
क्षेत्र
में
बाघ
की
मूवमेंट
होने
की
पुष्टि
की
है।
कटंगी
परिक्षेत्र
अधिकारी
बाबूलाल
चड्डार
ने
बताया
कि
ग्रामीणों
को
फिलहाल
जंगल
में

जाने
की
सलाह
दी
गई
है।
साथ
ही
क्षेत्र
में
गश्त
बढ़ा
दी
गई
है।
ट्रैप
कैमरों
की
मदद
से
बाघ
की
गतिविधियों
पर
नजर
रखी
जा
रही
है।

घायल
चरवाहे बस्तीराम
ने
बताया
कि
बस
जान
बचाने
के
लिए
मैंने
डंडा
उठाया
और
पूरी
ताकत
से
बाघ
पर
मारा,
तब
जाकर
वह
भागा।
बहुत
डरावना
पल
था।

घायल चरवाहा

घायल
चरवाहा