Indore: इंदौर का सफाई माॅडल अपनाएगा पीएम मोदी का संंसदीय क्षेत्र वाराणसी

इंदौर
की
सफाई
व्यवस्था
का
अध्ययन
करने
देश
विदेश
के
100
से
ज्यादा
शहरों
के
अफसर
इंदौर
आ चुके
है,
लेकिन
पहली
बार
इंदौर
के
अफसर
किसी
दूसरे
शहर
में
जाकर
सफाई
को
लेकर
महत्वपूर्ण
सुझाव
देंगे।
यह
शहर
है
प्रधानमंत्री
नरेंद्र
मोदी
का
संसदीय
क्षेत्र
वाराणसी।
इंदौर
माॅडल
को
वाराणसी
में
लागू
कराने
के
लिए
इंदौर
और
भोपाल
से
अफसरों
की
टीम
रवाना
हुई।


विज्ञापन

Trending
Videos

दिल्ली
से
नगरीय
प्रशासन
विभाग
के
अफसरों
को
कहा
गया
था
कि
वे
इंदौर
जैसी
सफाई
व्यवस्था
वाराणसी
में
लगू
कराए।
इसके
बाद
पहले
अफसरों
ने
इंदौरी
माॅडल
के
दस्तावेज,
वीडियो,
फोटोग्राफों
को
शामिल
एक
रिपोर्ट
बनाई
और
अब
वाराणसी
में
जाकर
वहां
के
अफसरों
के
साथ
पूरी
प्लानिंग
करेंगे।


विज्ञापन


विज्ञापन

मंगलवार
को
इंदौर
के
अफसरों
ने
वाराणसी
के
अफसरों
के
साथ
बैठक
की
और
घर-घर
कचरा
संग्रहण,
गीला-सूखा
कचरा
सेग्रिगेशन,
कचरे
के
रि
सायकल
सहित
अन्य
विषयों
की
जानकारी
साझा
की।
मध्य
प्रदेश
के
अफसर
चार
दिन
वाराणसी
में
रुकेंगे
और
वहां
के
संसाधनों
के
हिसाब
से
सफाई
को
लेकर
टिप्स
देंगे।


क्या
है
इंदौर
का
सफाई
माॅडल


शत
प्रतिशत
कचरा
इंदौर
में
डोर
डू
डोर
तरीके
से
संग्रहित
होकर
सीधे
ट्रेंचिंग
ग्राउंड
जाता
है।
छह
अलग-अलग
प्रकार
के
कचरे
वाहनों
के
माध्यम
से
ही
अलग
हो
जाते
है।
प्लांट
पर
कचरा
अलग-अलग
नहीं
होता
है।


शहर
में
एक
भी
कचरा
पेटी
नहीं
है।
लोग
खुले
में
कचरा
नहीं
फेंकते
है।
इसके
अलावा
अब
नगर
निगम
एप
के
माध्यम
से
भी
कचरा
वाहनों
को
बुलवाने
की
सुविधा
रहवासियों
को
दे
रहा
है।


इंदौर
मेें
कचरे
से
खाद
और
सीएनजी
बनाई
जा
रही
है।
प्लास्टिक
कचरे
से
इधन
बनाया
जा
रहा
है,
जो
सीमेंट
फेक्टरियों
में
काम
आता
है।
इसके
अलावा
मलबे
से
पेवर
ब्लाॅक
भी
बनाए
जा
रहे
है।