
तेंदुए
के
शव
के
पास
खड़े
अधिकारी
विस्तार
दमोह
जिले
के
सगोनी
वन
परिक्षेत्र
की
मुहास
बीट
में
एक
नाले
के
किनारे
तेंदुए
का
शव
फंदे
में
मिला
है।
तेंदुए
का
शिकार
किया
गया
है।
इसके
पहले
उसने
दो
गायों
का
शिकार
किया
था।
तेंदुए
का
शव
मिलने
के
बाद
वन
विभाग
में
हड़कंप
मच
गया।
अधिकारी
मौके
पर
पहुंचे
और
मामले
की
जांच
शुरू
कर
दी
है।
स्थानीय
लोगों
ने
बताया
कि
तेंदुए
ने
पहले
एक
झोपड़ी
में
बंधी
गाय
का
शिकार
किया।
दूसरी
गाय
रस्सी
तोड़कर
भागी,
जिसके
पीछे
तेंदुआ
भी
भागा।
नाले
के
समीप
उसने
गाय
का
शिकार
किया।
इसके
बाद
वह
आगे
बढ़ा
तो
किसी
अज्ञात
शिकारी
के
बिछाए
जाल
में
वह
फंस
गया।
बाइक
के
क्लच
वायर
से बने
फंदे
में
उसकी
गर्दन
फंस
गई
जिससे
उसकी
मौत
हो
गई।
रविवार
शाम
को
ग्रामीणों
ने
तेंदुए
का
शव
देखा
तो
वन
विभाग
के
अधिकारियों
को
सूचना
दी।
वन
विभाग
के
वरिष्ठ
अधिकारी
मौके
पर
पहुंचे
और
उसके
बाद
यह
पुष्टि
हुई
कि
तेंदुए
की
मौत
फंदे
में
फंसने
से
हुई
है।
घटना
की
जानकारी
दमोह
डीएफओ
एमएस
उइके
को
दी
गई।
उनके
निर्देश
पर
एसडीओ
रेखा
पटेल
और
सगोनी
वन
परिक्षेत्र
अधिकारी
अखलेश
चौरसिया
और
परिक्षेत्र
का
पूरा
अमला
मौके
पर
पहुंचा।
तेंदुए
के
शव
को
फंदे
से
बाहर
निकाला।
सोमवार
सुबह
पोस्टमॉर्टम
के
बाद
आगे
की
कार्यवाही
की
जा
रही
है।
पन्ना
टाइगर
रिजर्व
का
क्षेत्र
जहां
तेंदुए
का
शव
मिला
है,
वहां
से
पास
ही
पन्ना
टाइगर
रिजर्व
का
जंगल
लगता
है।
इसके
आगे
से
कटनी
जिले
की
सीमा
लग
जाती
है।
अभी
यह
पता
नहीं
चल
पाया
है
कि
यह
तेंदुआ
कहां
से
आया
था।
पोस्टमॉर्टम
के
बाद
ही
मौत
के
सही
कारणों
की
पुष्टि
होगी।
अभी
तक
चार
तेंदुओं
की
मौत
कुम्हारी
गांव
का
क्षेत्र
पूरा
जंगली
इलाका
है।
यहां
बड़ी
संख्या
में
तेंदुए
पाए
जाते
हैं।
जिस
क्षेत्र
में
तेंदुए
का
शिकार
हुआ
है,
वहां
दो
साल
में
चार
तेंदुओं
की
मौत
हो
चुकी
है।
पहले
एक
तेंदुए
का
शिकार
हुआ
था।
एक
तेंदुआ
गाय
का
शिकार
करने
पहुंचा
था
और
करंट
की
चपेट
में
आने
से
उसकी
मौत
हो
गई
थी।
इसके
बाद
एक
तेंदुए
की
घायल
अवस्था
के
दौरान
मौत
हुई
थी।
उसकी
हत्या
का
आरोप
ग्रामीणों
पर
लगा
था
जिसके
वीडियो
भी
सामने
आए
थे।
अब
यह
चौथा
तेंदुआ
है,
जिसका
शिकार
हुआ
है।