CM थे तो मैं करता था मदद, वही मोदी आज मुझ पर कमेंट कर रहे… पीएम पर बरसे पवार, बोले- चला रहे तानाशाही

CM थे तो मैं करता था मदद, वही मोदी आज मुझ पर कमेंट कर रहे… पीएम पर बरसे पवार, बोले- चला रहे तानाशाही
CM थे तो मैं करता था मदद, वही मोदी आज मुझ पर कमेंट कर रहे... पीएम पर बरसे पवार, बोले- चला रहे तानाशाही


शरद
पवार.
(फाइल
फोटो)

सोमवार
को
एनसीपी-एससीपी
प्रमुख
शरद
पवार
ने
महाराष्ट्र
के
बारामती
में
एक
रैली
को
संबोधित
किया.
जिस
दौरान
पवार
ने
पीएम
मोदी
पर
निशाना
साधा.
पवार
ने
कहा
कि
जब
मैं
केंद्रीय
कृषि
मंत्री
था,
तब
मैंने
बिना
किसी
पक्षपात
के
गुजरात
के
तत्कालीन
सीएम
नरेंद्र
मोदी
की
मदद
की
थी,
लेकिन
आज
वही
व्यक्ति
मेरे
खिलाफ
व्यक्तिगत
टिप्पणी
कर
रहे
हैं.

महाराष्ट्र
के
पूर्व
सीएम
शरद
पवार
ने
कहा
कि
आज
अगर
कोई
पीएम
के
खिलाफ
टिप्पणी
करता
है,
तो
उनके
खिलाफ
कार्रवाई
की
जाती
है.
साथ
ही
पवार
ने
झारखंड
के
सीएम
हेमंत
सोरेन
और
दिल्ली
के
मुख्यमंत्री
अरविंद
केजरीवाल
की
गिरफ्तारी
पर
कहा
कि
झारखंड
के
सीएम
ने
पीएम
के
खिलाफ
बोला
तो
उन्हें
जेल
भेज
दिया
गया.
पीएम
के
खिलाफ
बयान
देने
वाले
अरविंद
केजरीवाल
को
भी
जेल
भेज
दिया
गया.
यह
लोकतंत्र
नहीं,
तानाशाही
है.
साथ
ही
पवार
ने
कहा
कि
हमें
सत्ता
को
मोदी
के
हाथों
से
मुक्त
कराने
की
जरूरत
है.
उन्होंने
कहा
कि
आज
सत्ता
मोदी
के
हाथों
में
केंद्रीकृत
हो
गयी
है
,
हमें
इसे
उससे
मुक्त
करने
की
आवश्यकता
है.

ये
भी
पढ़ें

बरामाती
से
सुप्रिया
सुले
लड़ेंगी
चुनाव

बता
दें,
शरद
पवार
की
बेटी
सुप्रिया
सुले
बारामती
निर्वाचन
क्षेत्र
से
लोकसभा
चुनाव
2024
लड़
रही
हैं,
बारामती
लोकसभा
क्षेत्र
में
मतदान
7
मई
को
महाराष्ट्र
में
तीसरे
चरण
में
होगा.
इससे
पहले
भी
शरद
पवार
ने
नरेंद्र
मोदी
पर
मणिपुर
का
दौरा

करने
पर
टिप्पणी
की
थी.
रविवार
शाम
को
दौंड
में
रैली
को
संबोधित
करते
हुए
पवार
ने
कहा
कि
मणिपुर
के
लोगों
ने
सबसे
खराब
संकट
का
सामना
किया
है,
उन्होंने
सबसे
खराब
हिंसा
देखी,
खासकर
महिलाओं
के
खिलाफ.
पवार
ने
कहा
कि
केंद्र
और
राज्य
को
अपराधियों
के
खिलाफ
कार्रवाई
करनी
चाहिए
थी
लेकिन
सरकारें
अपने
कर्तव्य
में
विफल
रहीं.

पीएम
के
पास
मणिपुर
जाने
का
समय
नहीं

पवार
ने
कहा
था
कि
प्रधानमंत्री
नरेंद्र
मोदी
के
पास
विभिन्न
शहरों
और
देशों
का
दौरा
करने
का
समय
है,
लेकिन
उन्होंने
मणिपुर
के
हालात
का
जिक्र
तक
नहीं
किया
और
इसलिए,
हम
सभी
को
मणिपुर
के
लोगों
और
अन्याय
और
अपमान
का
सामना
करने
वाले
लोगों
के
साथ
मजबूती
से
खड़ा
होना
चाहिए.
देश
में
लोकसभा
चुनाव
2024
के
ऐलान
के
बाद
से
ही
सभी
पार्टियां
चुनावी
रैलियों
में
जुट
गई
है.
19
अप्रैल
से
मतदान
शुरू
होंगे
और
4
जून
को
वोटों
की
गिनती
होगी.