
बीजेपी
नेता
अरुण
सिंह
आरएसएस
के
नाम
से
एक
फर्जी
संस्था
चलाने
और
नेताओं
की
ओर
से
दिए
जा
रहे
अटपटे
बयानों
को
लेकर
बीजेपी
का
एक
प्रतिनिधिमंडल
सोमवार
को
चुनाव
आयोग
से
मिला.
प्रतिनिधिमंडल
ने
चुनाव
के
समक्ष
अपनी
शिकायत
दर्ज
करा
फर्जी
संस्था
और
लोगों
के
खिलाफ
कार्रवाई
की
मांग
की
है.
बीजेपी
ने
चुनाव
आयोग
को
बताया
कि
आरएसएस
के
नाम
से
फर्जी
संस्था
के
जरिए
लोकतंत्र
खतरे
में
है
जैसे
मैसेज
भेजे
जा
रहे
हैं
ताकि
उनको
लगे
कि
उनके
मिल
रहे
संदेश
राष्ट्रीय
स्वयंसेवक
संघ
की
ओर
से
आ
रहे
हैं.
प्रतिनिधिमंडल
में
बीजेपी
के
राष्ट्रीय
महासचिव
अरुण
सिंह
भी
शामिल
थे.
चुनाव
आयोग
से
मुलाकात
के
बाद
उन्होंने
मीडिया
से
बात
करते
हुए
कहा
कि
आरएसएस
के
नाम
से
एक
फर्जी
संस्था
2017
में
बनी
है
जिसे
कांग्रेस
सेवा
दल
के
प्रमुख
चलाते
हैं.
इस
संस्था
के
जरिए
लोकतंत्र
खतरे
में
है,
बीजेपी
को
हराना
है
जैसे
मेसेज
भेजे
जाते
हैं.
हमने
चुनाव
आयोग
से
मांग
की
है
कि
इस
संस्था
के
ट्वीट
हटाएं,
इन
पर
केस
दर्ज
हो
और
कांग्रेस
को
भी
नोटिस
दिया
जाए.
फर्जी
संस्था
के
जरिए
सेट
कर
रहे
गल
नैरेटिव
उन्होंने
कहा
कि
इस
संस्था
की
ओर
से
वही
नैरेटिव
चलाए
जा
रहे
हैं
जो
राहुल
गांधी
और
ममता
बनर्जी
बोलते
हैं.
बीजेपी
ने
आयोग
से
मांग
की
है
कि
फर्जी
संस्थान
के
ट्विटर
हैंडल
और
जानकारियों
को
डिजिटल
प्लेटफॉर्म
से
हटवाया
जाय.ही
है.
राहुल
गांधी
भी
ऐसी
बातें
फैला
रहे
है.
यह
फर्जी
संस्था
कांग्रेस
के
बैनर
तले
काम
कर
रही
है.
हमारा
400
पार
का
लक्ष्य
है
लेकिन
ये
420
का
काम
कर
रहे
है.
कांग्रेस
के
घोषणा
पत्र
पर
अरुण
सिंह
ने
कहा,
कांग्रेस
के
घोषणापत्र
मुस्लिम
लीग
की
तरह
है,
सिर्फ
तुष्टिकरण
है,
ऐसी
बात
अखिलेश
यादव
भी
कर
रहे
हैं.
टीएमसी
पर
बरसे
बीजेपी
नेता
अरुण
सिंह
तृणमूल
कांग्रेस
की
ओर
से
चुनाव
आयोग
ऑफिस
के
बाहर
विरोध
प्रदर्शन
अरुण
सिंह
ने
कहा
कि
टीएमसी
के
लोगों
को
संविधान
और
लोकतंत्र
की
चिंता
नहीं
है,
इन्होंने
सबसे
ज्यादा
संविधान
और
लोकतंत्र
को
नुकसान
पहुंचाया
है,
यहां
आकर
नाटक
कर
रहे
हैं.
उनको
अपनी
हार
की
हताशा
दिख
रही
है,
ममता
बनर्जी
का
कभी
भी
संविधान
पर
भरोसा
नहीं
रहा
उन्हें
सबसे
ज्यादा
शाहजहां
पर
भरोसा
है.
अखिलेश
के
हालिया
बयानों
पर
क्या
बोली
बीजेपी?
वहीं,
अखिलेश
यादव
के
हालिया
बयान
पर
बीजेपी
नेता
ने
कहा
कि
सपा
प्रमुख
का
मानसिक
संतुलन
बिगड़
गया
है.
हार
सामने
देख
कर
मुख्तार
अंसारी
की
मृत्यु
को
जेल
में
जहर
देकर
मारने
की
बात
कर
रहे
हैं.
वो
बताएं
उनके
पास
कौन
सी
इन्वेस्टिगेशन
एजेंसी
है.
ये
केवल
चुनाव
का
माहौल
खराब
कर
रहे
हैं,
इन
पर
तुरंत
कार्रवाई
की
मांग
की
है.भारत
सरकार
द्वारा
विदेशों
में
हत्या
करवाने
की
बात
अखिलेश
यादव
कह
रहे
हैं.
इस
तरह
की
बात
हमारे
लोकतांत्रिक
मूल्यों
के
खिलाफ
है,
इन
पर
कार्रवाई
हो.