Damoh: मेहलवारा गांव में झोलाछाप डाक्टर के यहां भर्ती थे 50 मरीज, छापे के दौरान स्वास्थ्य विभाग की उड़ी नींद

Damoh: मेहलवारा गांव में झोलाछाप डाक्टर के यहां भर्ती थे 50 मरीज, छापे के दौरान स्वास्थ्य विभाग की उड़ी नींद
Damoh 50 patients were admitted to quack doctor in Mehlawara village

डाक्टर
के
यहां
भर्ती
मरीज


फोटो
:
अमर
उजाला

विस्तार

दमोह
जिले
के
पथरिया
ब्लॉक
अंतर्गत
आने
वाले
मेहलवारा
गांव
में
गुरुवार
को
प्रशासन
और
स्वास्थ्य
विभाग
की
टीम
ने
एक
झोलाछाप
डॉक्टर
देवीलाल
पटेल
की
अस्पताल
पर
छापा
मारा
तो
उनके
होश
उड़
गए।
छापामार
कार्रवाई
के
दौरान
इस
डाक्टर
के
यहां
करीब
50
मरीज
भर्ती
थे, जिनमें
किसी
को
बाटल
लगी
थी
तो
कोई
इंजेक्शन
लगवाने
लेटा
था।
सबसे
बड़ी
बात
एमडी
पेथोलाजिस्ट
के
द्वारा
जिस
जांच
को
किया
जाता
है,
यहां
वह
जांचे
भी
की
जा
रही
थी।
स्वास्थ्य
विभाग
की
टीम
को
देख
डाक्टर
भाग
निकला,
जिसके
बाद
अधिकारियों
ने
पंचनामा
कार्रवाई
कर
वरिष्ठ
अधिकारियों
के
पास
भेजा
है।

बता
दें,
दमोह
जिले
में
झोलाछाप
डाक्टरों
की
भरमार
है,
जिनके
गलत
इलाज
के
कारण
आए
दिन
लोगों
की
जान
जाती
रहती
है।
पथरिया
के
नंदरई
गांव
में
ही
एक
मरीज
की
मौत
झोलाछाप
डाक्टर
के
इलाज
से
हुई
थी,
जिसके
बाद
कलेक्टर
के
निर्देश
पर
गुरुवार
को
प्रशासन
और
स्वास्थ्य
विभाग
की
टीम
मेहलवारा
गांव
में
झोलाछाप
डाक्टर
देवीलाल
पटेल
की
अस्पताल
पर
छापा
मारने
पहुंची।

एसडीएम
महेंद्र
गुप्ता,
तहसीलदार
डिप्टी
चतुर्वेदी,
पथरिया
बीएमओ
डॉ.

मिंज
के
साथ
अन्य
अधिकारी
भी
शामिल
थे।


मरीजों
के
खाने-पीने
का
पूरा
इंतजाम

जैसे
ही
स्वास्थ्य
अमला
इस
डाक्टर
की
अस्पताल
पर
पहुंचा,
वहां
50
से
अधिक
मरीज
भर्ती
मिले।
जो
लकड़ी
के
तखत
पर
लेटे
थे
और
किसी
को
बाटल
लगी
थी,
कोई
इंजेक्शन
लगवाने
के
बाद
लेटा
था।
इतनी
अधिक
संख्या
में
मरीजों
को
देख
स्वास्थ्य
अमला
भी
हैरान
हो
गया।
इसके
अलावा
मरीजों
को
खाने
के
लिए
बकायदा
समोसे
और
कोल्ड
ड्रिंक्स
का
भी
इंतजाम
था, जिसकी
दुकान
यहां
संचालित
थी।
डाक्टर
देवीलाल
पटेल
ने
टीम
को
देखकर
वहां
से
भागना
ही
उचित
समझा।
सरकारी
अस्पताल
में
फ्री
होने
वाली
जांच
यहां
भारी
भरकम
राशि
में
की
जाती
है
और
जाे
जांचे
एक
एमडी
पेथोलाजिस्ट
कर
सकता
है,
वह
जांच
इस
डाक्टर
के
द्वारा
की
जा
रही
थी।


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अस्पताल
से
बड़ी
तादाद
में
एलोपेथी
दवाइयां
भी
जब्त की
गई हैं,
ये
दवाइयां
केवल
एमडी
मेडिसिन
डाक्टर
की
सलाह
पर
ही
ली
जा
सकती
है,
जिन्हें
यह
डाक्टर
दे
रहा
था।
खास
बात
ये
है
कि
वर्षों
से
चल
रही
इस
अस्पताल
पर
किसी
की
कोई
नजर
नहीं
पड़ी
और
जब
नजर
पड़ी
तो
डॉक्टर
भाग
निकला।


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पथरिया
बीएमओ
डा.

मिंज
का
कहना
है
कि
मेहलवारा
गांव
में
एक
निजी
अस्पताल
पर
छापा
मारा
है।
यहां
50
से
अधिक
मरीज
भर्ती
मिले
हैं,
जिन्हें
शासकीय
अस्पताल
इलाज
के
लिए
भेजा
जा
रहा
है।
डाक्टर
के
पास
से
बड़ी
मात्रा
में
दवाइयां
जब्त
की
गई
हैं।
उसके
पास
कोई
डिग्री
नहीं
है,
वह
अवैध
तरीके
से
मरीजों
का
इलाज
कर
रहा
था।
टीम
के
आते
ही
डाक्टर
भाग
निकला
है।पैथोलाजी
विशेषज्ञ
डाक्टर
जो
जांच
करता
है,
वह
जांच
भी
इस
डाक्टर
के
द्वारा
की
जा
रही
थी।
पंचनामा
बनाकर
वरिष्ठ
अधिकारियों
के
पास
भेजा
जा
रहा
है।