Bhopal:विधानसभा का घेराव कर हिसाब दो जवाब दो आंदोलन करेगी कांग्रेस, पटवारी बोले-CM कर्ज लेने में शिवराज से आगे

कांग्रेस
16
दिसंबर
से
शुरू
हो
रहा
है
विधानसभा
सत्र
के
दौरान
मध्य
प्रदेश
सरकार
को
घेरने
की
तैयारी
में
जुटी
है।
सोमवार
को
प्रदेश
कांग्रेस
कार्यालय
में
पीसीसी
चीफ
जीतू
पटवारी
और
नेता
प्रतिपक्ष
उमंग
सिंघार
ने
प्रेसवार्ता
कर
मोहन
सरकार
के
एक
साल
का
हिसाब
मांगा
हैं।
कांग्रेस
सरकार
के
एक
साल
पूरे
होने
पर
16
दिसम्बर
को
विधानसभा
का
घेराव
कर
हिसाब
दो
जवाब
दो
आंदोलन
करेगा।
पीसीसी
चीफ
पटवारी
ने
आरोप
लगाया
है
कि
सीएम
मोहन
यादव
कर्ज
लेने
में
शिवराज
सरकार
से
दो
कदम
आगे
है।
नेता
प्रतिपक्ष
उमंग
सिंघार
ने
कहा
कि
प्रदेश
के
एक
मुख्यमंत्री
वो
विदेश
की
सड़के
पसंद
थी
एक
मुख्यमंत्री
को
डायनासोर
के
अंडे
पसंद
हैं।


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सरकार
ने
एक
साल
के
भीतर
30
बार 
लिया
कर्ज 

पीसीसी
चीफ
जीतू
पटवारी
ने
कहा
है
कि
11
महीने
में
देश
के
किसी
राज्य
की
सरकार
ने
30
बार
कर्ज
नहीं
लिया।
हर
एक
महीने
में
14-15
दिन
में
औसतन
तीन
हजार
करोड़
से
5
हजार
करोड
कर्ज
लिया।
40536
हजार
करोड
इस
अवधि
में
कर्ज
लिया।
यानि
रोज
120
करोड
से
125
करोड़
रुपए
कर्ज
लिया।
घंटे
के
हिसाब
से
देखें
तो
120
करोड़
रुपए
का
कर्ज
हर
घंटे
लिया।
ये
जो
कर्ज
लिया
उसका
किया
क्या?
कर्ज
लेकर
प्रदेश
के
लिए
एक
भी
इनोवेटिव
काम
नहीं
किया।


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45
हजार
करोड़
के
कर्ज
में
नहीं
किया
कोई
इनोवेटिव
कार्य

जीतू
पटवारी
ने
कहा
कि
45000
करोड
रुपए
के
कर्ज
से
सरकार
ने
एक
भी
इनोवेटिव
काम
नहीं
किया।
जिससे
प्रदेश
को
लाभ
हो।
यह
कर्ज
लेते
हैं
तो
₹3
करोड
रुपए
हर
महीने
हवाई
जहाज
का
चुकाते
हैं।
लगातार
बड़े-बड़े
इवेंट
करते
हैं।
विज्ञापन
देते
हैं
और
करप्शन
करने
के
नए-नए
तरीके
खोजते
हैं।
मध्य
प्रदेश
के
हर
व्यक्ति
पर
50000
कर्ज
हो
गया
है।
आरबीआई
और
CAG
की
रिपोर्ट
में
भी
कर्ज
पर
रोक
लगाई
है।


मोहन
सरका
के
13
दिसंबर
को
होंगे
एक
पूरे

जीतू
पटवारी
ने
कहा
कि
13
दिसंबर
को
मोहन
यादव
को
मुख्यमंत्री
की
शपथ
लिए
एक
साल
हो
जाएगा।
एक
साल
लंबा
पीरियड
होता
है।
इस
एक
साल
में
मप्र
ने
क्या-क्या
देखा?
बेटियों
से
बलात्कार
होते
हुए
देखे।
एक
साल
में
बहनों
बच्चों
को
गायब
होते
देखा।
माफिया
राज
को
सरकार
पर
हावी
होते
हुए
देखा।
वल्लभ
भवन
की
पांचवीं
मंजिल
से
करप्शन
कैसे
नीचे
तक
आता
है
इसके
नए
आयाम
पैदा
होते
देखा।
मप्र
में
ड्रग्स
माफिया
का
उद्योग
पनपते
हुए
देखा।
पिछले
एक
साल
में
कर्ज
के
कौशल
को
शिवराज
सिंह
से
ज्यादा
बढ़ाते
हुए
मोहन
यादव
को
बढ़ाते
हुए
देखा।
आपस
में
करप्शन
की
लूट
के
लिए
भाजपा
के
नेताओं
में
जूतम
पैमार
करते
हुए
देखा।
संकल्प
पत्र
के
धोखे
को
एक
साल
में
जनता
ने
भोगते
हुए
देखा।
जीतू
पटवारी
ने
कहा
कि
बीजेपी
ने
संकल्प
पत्र
में
जो
कहा
था
कि
लाडली
बहनों
को
तीन
हजार
रुपए
देंगे।
पटवारी
ने
सीएम
मोहन
यादव
का
वीडियो
दिखाया
जिसमें
सीएम
ने
कहा
था
कि
ये
राशि
3
हजार
से
5
हजार
तक
बढ़ती
जाएगी।
पटवारी
ने
शिवराज
सिंह
चौहान
का
लाडली
बहना
योजना
में
3
हजार
रुपए
देने
के
बयान
का
वीडियो
भी
दिखाया।
पटवारी
ने
कहा-
झूठ
बोलने
और
कर्ज
लेने
के
कौशल
में
शिवराज
सिंह
चौहान
से
मोहन
यादव
दो
कदम
आगे
हैं।


मुख्यमंत्री
को
बेनकाब
करने
में
उनके
लोग
ही
लगे 

नेता
प्रतिपक्ष
उमंग
सिंघार
ने
कहा
कि
मुख्यमंत्री
जी
को
उनके
लोग
ही
बेनकाब
करने
में
लगे
हैं।
वे
जिस
नाव
में
बैठे
हैं
उसमें
छेद
हो
चुका
है।
मोहन
यादव
अब
मौन
यादव
हो
गए
हैं।
वे
अभी
लंदन
गए
थे।
उनके
जेब
से
हाथ
बाहर
नहीं
निकले।
लग
रहा
था
कि
मप्र
के
लिए
भीख
मांगने
गए
हैं।
लेकिन
मप्र
को
आर्थिक
रुप
से
मजबूत
क्यों
नहीं
करना
चाहते?
क्यों
आपको
कर्जे
की
आवश्यकता
पड़ती
है।
उन्होंने
कहा
कि
शिवराज
जी
अमेरिका
गए
थे
उन्हें
सड़कें
बड़ी
अच्छी
लगीं।
मोहन
यादव
लंदन
गए
तो
उनको
डायनासोर
के
अंडे
अच्छे
लगे।
तो
ये
मुख्यमंत्री
हैं
किसी
को
सड़कें
पसंद
हैं
किसी
को
डायनासोर
के
अंडे
पसंद
हैं।
प्रदेश
में
विकास
की
बात
नहीं
करते,
कर्ज
की
बात
करते
हैं।


धरातल
पर
कहां
लगी
फैक्ट्रियां 

नेता
प्रतिपक्ष
उमंग
सिंघार
ने
कहा
कि
20-22
साल
होने
जा
रहे
हैं
प्रदेश
में
कई
इन्वेस्टर्स
मीट
हुई।
सरकार
कहती
रही
कि
एक
लाख
करोड,
दो
लाख
करोड
निवेश
आया?
क्या
एमओयू
हुए,
वहां
धरातल
पर
वहां
फैक्ट्रियां
लगीं।
अगर
आर्थिक
विकास
होता
तो
प्रदेश
को
कर्ज
लेने
की
आवश्यकता
नहीं
पड़ती।
लंदन
से
60
हजार
करोड़
की
घोषणा
तो
कर
दी,
कब
एमओयू
होंगे?
कब
आएंगे
ये
भविष्य
की
बात
है
मुझे
नहीं
लगता।
क्योंकि,
22
साल
का
जो
रिकॉर्ड
रहा
है
उसमें
ऐसी
स्थिति
नहीं
रही।


विधानसभा
का
घेराव
करेगा
विपक्ष

नेता
प्रतिपक्ष
सिंघार
ने
कहा
कि
16
दिसंबर
को
कांग्रेस
विधायकों
और
कार्यकर्ताओं
के
साथ
विधानसभा
का
घेराव
किया
जाएगा।
गांव
गांव
तक
इसको
लेकर
एक
जन
जागरूकता
अभियान
चलाया
जाएगा।
परिचय
पर
चर्चा
इस
बात
को
लेकर
हम
गांव-गांव
तक
घर-घर
तक
बात
पहुंचेंगे
और
जनता
को
उनके
अधिकार
दिलाने
की
कोशिश
करेंगे।
नेता
प्रतिपक्ष
ने
कहा
कि
2300
रुपए
धान
का
कर
दिया।
लेकिन
बीजेपी
ने
3100
रुपए
में
खरीदने
की
बात
कही
थी।
अब
मोहन
यादव
से
पूछेंगे
तो
वो
जवाब
देंगे
कि
समय
रहते
बढ़ाएंगे।
लाडली
बहना
को
3
हजार
देने
की
घोषणा
करने
वाले
शिवराज
जी
एक
हजार
के
अंदर
ही
बाहर
हो
गए।
प्रदेश
छोड़
दिया।
अब
शिवराज
जी
बताएं
कि
3
हजार
कब
होंगे।
यही
बात
मैं
धान
किसानों
से
कहना
चाहता
हूं
कि
आप
भूले
में
मत
रहना
आपको
पांच
साल
में
धान
के
3100
रुपए
नहीं
मिलेंगे।


यूक्रेन
के
बजाए
दूसरे
देशों
से
खाद
क्यों
नहीं
लिया

नेता
प्रतिपक्ष
ने
कहा
कि
आज
किसान
खाद
के
लिए
परेशान
है।
अगर
मोहन
यादव
लंदन
के
बजाए
मैक्सिको,
ब्राजील,
चायना,
अमेरिका
जाते
जहां
से
हम
लोग
हमेशा
खाद
को
आयात
करते
आए
हैं।
निश्चित
तौर
से
किसानों
के
आंसू
पौंछे
जाते।
लेकिन
वो
जनता
के
पैसों
पर
वे
विदेश
घूमते
रहे
लेकिन,
किसानों
की
बात
नहीं
करना
चाहते।
ये
यूक्रेन
की
बात
करते
हैं
कि
यूक्रेन
के
युद्ध
के
कारण
खाद
की
दिक्कत
है
लेकिन
जो
डेटा
है
वो
ये
बताता
है
कि
खाद
जहां
से
इम्पोर्ट
होता
है
तो
इन
देशों
से
खाद
क्यों
नहीं
लिया?
ये
प्रदेश
के
किसानों
के
साथ
फरेब
है।
सोयाबीन
का
भाव
मप्र
में
4
हजार
चल
रहा
है
चुनाव
के
समय
महाराष्ट्र
में
6
हजार
देने
की
बात
प्रधानमंत्री
जी
ने
कही
थी
क्या
मप्र
में
भी
6
हजार
रुपए
सोयाबीन
के
दाम
मिलेंगे?