
दमोह
जिले
के
रनेह
प्राथमिक
स्वास्थ्य
केंद्र
में
पदस्थ
स्टाफ
नर्स
नीलिमा
यादव
द्वारा
पिछले
दिनों
चलती
बस
रुकवाकर
महेंद्र
लोधी
की
चप्पलों
से
पिटाई
करने
और
गाली
गलौज
करने
के
मामले
में
पुलिस
ने
नर्स
पर
मामला
दर्ज
कर
लिया
है।
साथ
ही
दो
पुलिसकर्मी
लाइन
अटैच
कर
दिए
गए
हैं।
इस
घटना
का
वीडियो
सोसल
मीडिया
पर
वायरल
हुआ
था।
वहीं
पीड़ित
महेंद्र
सिंह
लोधी
के
समर्थन
में
एक
बड़े
आंदोलन
की
घोषणा
के
बाद
रनेह
पुलिस
ने
आनन-फानन
में
वीडियो
वायरल
के
माध्यम
से
पांच
दिन
बाद
बस
कंडक्टर
सौरभ
सिंह
के
कथनों
के
आधार
पर
नर्स
पर
बीएनएस
की
धारा
296,11(2),
356(2)
के
तहत
मामला
दर्ज
कर
विवेचना
में
लिया
है।
हैरानी
की
बात
यह
है
कि
पहले
महेंद्र
लोधी
पर
धारा
151
की
प्रतिबंधात्मक
कार्रवाई
कर
दी
गई
थी।
इसमें
तहसीलदार
न्यायालय
द्वारा
जमानत
मिलने
के
बाद
नीलिमा
की
रिपोर्ट
पर
महेंद्र
के
खिलाफ
शासकीय
कार्य
में
बाधा
और
छेड़छाड़
का
मामला
भी
बीएनएस
की
विभिन्न
धाराओं
में
दर्ज
कर
लिया।
इस
दोहरी
कार्रवाई
से
रनेह
पुलिस
आलोचना
का
पात्र
बन
ही
रही
थी
कि
थाना
प्रभारी
चंदन
सिंह
द्वारा
महेंद्र
लोधी
को
भेजा
गया
समंस
भी
सोशल
मीडिया
में
वायरल
हो
गया।
जिसमें
उसे
अपने
साथ
हुई
घटना
की
लिखित
रिपोर्ट
करने
थाने
में
उपस्थित
होने
लेख
किया
गया
है।
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उल्लेखनीय
बात
यह
है
कि
नर्स
नीलिमा
यादव
की
रिपोर्ट
पर
महेंद्र
के
खिलाफ
विभिन्न
धाराओं
में
जब
मामला
दर्ज
है
तो
थाना
प्रभारी
महेंद्र
की
फरियाद
सुनते
या
फिर
उसे
उसके
खिलाफ
दर्ज
मामले
में
गिरफ्तार
करते।
इस
पूरे
मामले
से
आक्रोशित
लोगों
ने
रविवार
को
रनेह
गांव
में
विशाल
जनांदोलन
की
घोषणा
की
थी।
जिसमें
पीड़ित
महेंद्र
लोधी
के
पक्ष
में
पुलिस
से
जवाब
लिया
जाना
घोषित
किया
गया
था।
बता
दें
कि
स्वास्थ्य
विभाग
ने
रनेह
में
पदस्थ
नर्स
की
हटा
सिविल
अस्पताल
में
ड्यूटी
लगाकर
तीन
सदस्यीय
जांच
समिति
बना
दी
है।
जो
नर्स
नीलिमा
यादव
के
वायरल
वीडियो
की
जांच
कर
निर्णय
करेगी,
जबकि
इसी
मामले
में
पीड़ित
महेंद्र
लोधी
पर
रनेह
पुलिस
दो
मामले
दर्ज
कर
चुकी
है।
हटा
एसडीओपी
प्रशांत
सुमन
का
कहना
है
नर्स
पर
विभिन्न
धाराओं
में
मामला
दर्ज
कर
जांच
शुरू
कर
दी
गई
है।
एएसपी
संदीप
मिश्रा
ने
बताया
इस
मामले
में
लापरवाही
करने
वाले
दो
पुलिस
कर्मियों
को
लाइन
अटैच
कर
दिया
है।