Damoh News: हॉस्टल बंद, स्कूलों में गिनती के छात्र, दोबारा बोर्ड परीक्षा देने के लिए करें आवेदन; आज अंतिम दिन

Damoh News: हॉस्टल बंद, स्कूलों में गिनती के छात्र, दोबारा बोर्ड परीक्षा देने के लिए करें आवेदन; आज अंतिम दिन

माध्यमिक
शिक्षा
मंडल
द्वारा
पूरक
और
फेल
हुए
छात्रों
के
लिए
अगले
महीने
10वीं-12वीं
बोर्ड
परीक्षाओं
का
पुनः
आयोजन
किया
जा
रहा
है।
बोर्ड
परीक्षा
में
आवेदन
करने
की
आज
21
मई
अंतिम
तिथि
है।
इस
कारण
स्कूल
भी
खोल
दिए
गए
हैं,
लेकिन
छात्र
बहुत
कम
संख्या
में
स्कूल
पहुंच
रहे
हैं।
छात्रावास
बंद
हैं
और
गांव
से
आने
वाले
छात्रों
के
लिए
स्कूल
की
दूरी
एक
बड़ी
समस्या
बन
रही
है।
इस
कारण
उनकी
पढ़ाई
प्रभावित
हो
रही
है।
दमोह
जिले
के
तेंदूखेड़ा
ब्लॉक
में
कुछ
इसी
तरह
का
नजारा
देखने
को
मिला
है।


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जानकारी
लेने
पर
पता
चला
कि
स्कूल
का
समय
सुबह
निर्धारित
किया
गया
है,
लेकिन
बच्चे
समय
पर
घर
से
स्कूल
नहीं
पहुंच
पा
रहे
हैं।
तेंदूखेड़ा
ब्लॉक
में
जो
बच्चे
बोर्ड
परीक्षा
में
असफल
हुए
हैं,
उनमें
90
प्रतिशत
ग्रामीण
क्षेत्र
से
हैं।
ये
सभी
पूरे
वर्ष
छात्रावासों
में
रहकर
पढ़ाई
करते
थे,
लेकिन
स्कूल
खुलने
के
बाद
भी
छात्रावास
अब
तक
बंद
हैं,
इसलिए
बच्चों
को
आने-जाने
में
बड़ी
समस्याएं
हो
रही
हैं।
ऐसे
में
शिक्षक
तो
नियमित
रूप
से
स्कूल

रहे
हैं,
लेकिन
छात्रों
की
उपस्थिति
बहुत
कम
है।


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शिक्षकों
ने
बताया
कि
असफल
छात्रों
के
लिए
दूसरी
बार
परीक्षा
आयोजित
की
जा
रही
है।
सफलता
प्राप्त
करने
के
उद्देश्य
से
ये
कक्षाएं
शुरू
की
गई
हैं,
लेकिन
असफल
छात्रों
में
से
केवल
आठ
से
दस
प्रतिशत
ही
बच्चे
स्कूल

रहे
हैं।
शिक्षकों
का
कहना
है
कि
वे
नियमित
रूप
से
अभिभावकों
और
छात्रों
से
संपर्क
कर
रहे
हैं।
अभिभावक
बच्चों
को
भेजने
का
आश्वासन
दे
रहे
हैं,
लेकिन
बच्चे
क्यों
नहीं

रहे,
यह
शिक्षकों
की
समझ
से
बाहर
है।

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भी
पढ़ें: लव-जिहाद
की
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आयोग
की
रिपोर्ट
में
नेटवर्क
और
फंडिंग
की
आशंका,
सरकार
को
सौंपी
जांच
सिफारिशें

 


यह
भी
है
एक
कारण

स्कूलों
से
जानकारी
लेने
पर
पता
चला
कि
जो
ग्रामीण
क्षेत्र
के
बच्चे
छात्रावासों
में
रहकर
पढ़ाई
करते
थे,
वे
अब
स्कूल
के
साथ-साथ
छात्रावास
बंद
होने
से
प्रभावित
हैं।
दूसरी
बार
परीक्षा
संचालित
करने
के
लिए
स्कूल
तो
खोल
दिए
गए
और
कक्षाएं
शुरू
हो
गईं,
लेकिन
छात्रावास
अब
भी
बंद
हैं।
ऐसी
स्थिति
में
यदि
बच्चे
स्कूल
में
उपस्थिति
देना
भी
चाहें
तो
यह
संभव
नहीं
है,
क्योंकि
स्कूल
उनके
घर
से
काफी
दूर
हैं।
कई
अभिभावकों
ने
इस
संबंध
में
बताया
कि
यदि
स्कूल
के
साथ
छात्रावास
भी
खोल
दिए
जाते,
तो
बच्चे
वहीं
रहकर
पढ़ाई
कर
सकते
थे।


तेंदूखेड़ा
में
बंद
छात्रावास

तेंदूखेड़ा
ब्लॉक
में
कई
छात्रावास
संचालित
हैं,
जो
अभी
भी
बंद
हैं।
कुछ
अधीक्षकों
से
स्कूल
खुलने
और
छात्रावास
बंद
होने
के
संबंध
में
चर्चा
की
गई,
तो
उन्होंने
बताया
कि
कुछ
छात्रों
के
फोन
हमारे
पास
भी
आए
थे,
जिन्होंने
छात्रावास
की
जानकारी
ली
है।
नियम
अनुसार
छात्रावास
बंद
हैं,
लेकिन
पिछले
वर्ष
कलेक्टर
के
आदेश
पर
छात्रों
को
रहने
के
लिए
छात्रावास
खोले
गए
थे।
इस
वर्ष
अब
तक
ऐसा
कोई
आदेश
नहीं
आया
है।
यदि
आदेश
मिलते
हैं,
तो
छात्रावास
खोल
दिए
जाएंगे।

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में
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अलर्ट,
4
दिन
ऐसा
ही
रहेगा
मौसम


21
मई
है
अंतिम
तारीख

तेंदूखेड़ा
बीईओ
नीतेश
पांडे
ने
बताया
कि
दूसरी
परीक्षा
के
लिए
कक्षाएं
चालू
हो
गई
हैं।
जो
विद्यार्थी
पुनः
परीक्षा
देना
चाहते
हैं,
वे
21
मई,
बुधवार
तक
फॉर्म
जमा
कर
सकते
हैं।
इसमें
अनुत्तीर्ण
विद्यार्थियों
के
साथ
वे
छात्र
भी
आवेदन
कर
सकते
हैं
जिनके
अंक
कम
आए
हैं।
यदि
बच्चों
की
पढ़ाई
में
दूरी
बाधा
बन
रही
है,
तो
उनके
लिए
छात्रावास
खुलवाने
की
व्यवस्था
भी
की
जा
सकती
है।
कलेक्टर
सुधीर
कोचर
का
कहना
है
कि
यदि
छात्रावास
बंद
होने
से
समस्या
हो
रही
है,
तो
वे
इस
मामले
को
देखेंगे।
 

छात्रावास में लगा ताला क्लास रूम में बैठे गिनती के छात्र

क्लास
रूम
में
बैठीं गिनती
की
छात्राएं 
 

छात्रावास में लगा ताला क्लास रूम में बैठे गिनती के छात्र

 क्लास
रूम
में
बैठे
गिनती
के
छात्र