
होलकर
साइंस
कॉलेज
में
हुए
हंगामे
पर
कलेक्टर
आशीष
सिंह
सख्त
एक्शन
की
तैयारी
में
हैं।
सोमवार
को
होली
इवेंट
के
लिए
छात्रों
ने
150
प्रोफेसरों
को
बंधक
बना
लिया
और
मामला
तुरंत
कलेक्टर
के
पास
पहुंचा।
कलेक्टर
के
आदेश
पर
मंगलवार
को
प्रशासन
की
टीम
ने
छह
घंटे
तक
जांच-पड़ताल
की।
जांच
दल
ने
छात्र
नेताओं
के
बयान
लिए,
सीसीटीवी
फुटेज
देखे
और
प्रोफेसरों
से
बातचीत
की।
फुटेज
में
पूरी
घटना
की
पुष्टि
हुई
है।
घटना
से
नाराज
प्रोफेसरों
ने
फैसला
किया
है
कि
जब
तक
दोषियों
पर
कार्रवाई
नहीं
होगी,
वे
काली
पट्टी
बांधकर
पढ़ाएंगे।
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छह
घंटे
तक
चली
जांच,
बयान
दर्ज
जांच
की
जिम्मेदारी
एडीएम
व
अतिरिक्त
संचालक
राजेंद्र
रघुवंशी
को
सौंपी
गई
है।
मंगलवार
दोपहर
2
बजे
वे
कॉलेज
पहुंचे।
गुंडागर्दी
करने
के
आरोपी
छात्र
आलेख
द्विवेदी,
पीयूष,
सना
दीक्षित
और
सचिन
राजपूत
को
बुलाया
गया।
जांच
अधिकारियों
के
सामने
ये
सभी
छात्र
अपनी
बारी
का
इंतजार
करते
हुए
चुपचाप
बैठे
रहे।
रात
8
बजे
तक
जांच
व
बयान
दर्ज
करने
की
प्रक्रिया
चलती
रही।
कलेक्टर
आशीष
सिंह
ने
बताया
कि
प्रारंभिक
जांच
में
घटनाक्रम
की
पुष्टि
हो
चुकी
है।
दोनों
पक्षों
के
बयान
दर्ज
कर
रिपोर्ट
तैयार
की
जा
रही
है।
कॉलेज
प्रशासन
ने
घटना
से
जुड़े
सीसीटीवी
फुटेज
भी
जांच
दल
को
सौंप
दिए
हैं।
अफसरों
के
अनुसार,
जांच
की
दो
रिपोर्ट
तैयार
कर
अतिरिक्त
संचालक,
उच्च
शिक्षा
विभाग
और
कलेक्टर
को
सौंपी
जाएगी।
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पोस्टर
हटाए
जाने
पर
हुआ
हंगामा
अखिल
भारतीय
विद्यार्थी
परिषद
(ABVP)
से
जुड़े
छात्रों
ने
कॉलेज
परिसर
में
7
मार्च
को
होली
सेलिब्रेशन,
रेन
डांस
और
डीजे
के
लिए
अनुमति
मांगी
थी।
कॉलेज
प्रशासन
ने
अनुमति
नहीं
दी,
फिर
भी
छात्र
नेताओं
ने
परिसर
में
पोस्टर
लगा
दिए।
जब
प्रशासन
ने
पोस्टर
हटवाए,
तो
छात्र
भड़क
गए
और
जमकर
हंगामा
किया।
पुलिस
के
हस्तक्षेप
के
बाद
गेट
से
हटे
छात्र
घटना
के
बाद
शिक्षकों
में
काफी
आक्रोश
है।
स्टाफ
काउंसिल
की
बैठक
में
जांच
और
कार्रवाई
के
प्रस्ताव
को
मंजूरी
दी
गई।
इसके
बाद
होलकर
विज्ञान
महाविद्यालय
शिक्षक
संघ
की
अध्यक्ष
डॉ.
अंगूरबाला
बाफना,
सचिव
डॉ.
शालीग्राम
वर्मा
और
उपाध्यक्ष
डॉ.
विवेक
रेच
ने
सभी
फैकल्टी
सदस्यों
की
बैठक
बुलाई।
इसमें
निर्णय
लिया
गया
कि
जब
तक
दोषियों
के
खिलाफ
सख्त
कार्रवाई
नहीं
होती,
सभी
शिक्षक
काली
पट्टी
बांधकर
ही
पढ़ाएंगे।
वहीं,
प्रोफेसरों
का
कहना
है
कि
प्रदर्शनकारी
छात्र
पुलिस
के
दखल
के
बाद
ही
कॉलेज
गेट
से
हटे
थे।
150
रुपये
में
बेचे
जा
रहे
थे
इवेंट
पास
जानकारी
के
मुताबिक,
शर्मा
कोचिंग
के
सहयोग
से
आयोजित
होने
वाले
इस
इवेंट
की
जिम्मेदारी
ABVP
से
जुड़े
कुछ
छात्र
नेताओं
के
हाथ
में
थी।
इस
इवेंट
के
लिए
150
रुपये
की
एंट्री
फीस
रखी
गई
थी
और
इसके
पास
कॉलेज
के
बाहर
भी
बेचे
जा
रहे
थे।