जबलपुर
में
स्क्रैप
यार्ड
में
धमाके
में
बिल्डिंग
पूरी
तरह
तबाह
हो
गई।
–
फोटो
:
सोशल
मीडिया
विस्तार
खजरी-खिरिया
बायपास
से
हुए
स्क्रैप
यार्ड
बम
ब्लास्ट
में
मामले
में
एनएसजी
की
टीम
आठवें
दिन
भी
जांच
में
जुटी
रही।
पुलिस
रिमांड
समाप्त
होने
के
बाद
स्क्रैप
यार्ड
संचालक
के
बेटे
को
न्यायालय
के
समक्ष
पेश
किया
गया।
न्यायालय
ने
उसे
न्यायिक
अभिरक्षा
में
जेल
भेजने
के
आदेश
जारी
किए
हैं।
स्क्रैप
यार्ड
संचालक
मोहम्मद
शमीम
फरार
है
और
पुलिस
उसकी
तलाश
कर
रही
है।
गौरतलब
है
कि
25
अप्रैल
की
खजरी-खिरिया
बायपास
स्थित
मोहम्मद
शमीम
के
स्क्रैप
यार्ड
में
धमाका
हो
गया
था।
धमाका
इतना
तेज
था
कि
यार्ड
की
छत
तथा
दीवार
पूरी
तरह
से
क्षतिग्रस्त
हो
गई।
ब्लास्ट
जिस
स्थान
पर
हुआ
है,वहां
बड़ा
सा
गड्ढा
हो
गया
है।
उच्च
स्तरीय
बारूद
के
कारण
इतना
शक्तिशाली
धमाका
हुआ
था।
प्रारंभिक
जांच
में
यह
बात
सामने
आई
है
कि
धमाके
में
यार्ड
में
कार्यरत
दो
मजदूरों
के
परखच्चे
उड़
गए
थे।
धमाके
में
कितने
व्यक्तियों
की
मौत
हुई
उसकी
पुष्टि
के
लिए
घटनास्थल
में
मिले
मानव
अंगों
को
डीएनए
जांच
के
लिए
भेजा
गया
है।
विस्फोट
इतना
तेज
था
कि
उसकी
आवाज
पांच
किलोमीटर
दूर
तक
सुनी
गई
थी।
विस्फोट
के
कारण
उठते
धुएं
को
कई
किलोमीटर
दूर
से
देखा
जा
सकता
था।
अधारताल
पुलिस
ने
धारा
304,120
तथा
विस्फोटक
एक्ट
के
तहत
यार्ड
संचालक
सहित
अन्य
के
खिलाफ
प्रकरण
दर्ज
किया
था।
पुलिस
ने
यार्ड
संचालक
के
बेटे
फहीम
तथा
सुपरवाइजर
सुल्तान
को
गिरफ्तार
कर
पूछताछ
के
लिए
उन्हें
पांच
दिनों
रिमांड
पर
लिया
था।
रिमांड
अवधि
समाप्त
होने
के
बाद
दोनों
को
न्यायालय
में
पेश
किया
गया
था।
न्यायालय
ने
सुपरवाइजर
सुल्तान
को
न्यायिक
अभिरक्षा
में
भेज
दिया।
फहीम
से
पूछताछ
के
लिए
पुलिस
को
दो
दिन
की
रिमांड
मिली
थी।
रिमांड
अवधि
पूरी
होने
पर
फहीम
को
न्यायालय
के
समक्ष पेश
किया
गया।
न्यायालय
ने
उसे
जेल
भेजने
के
आदेश
जारी
किए
हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन