MP News: ईद पर प्रतिबंधित मवेशी की बलि देने का आरोप, सात आरोपी गिरफ्तार; गांव में तनाव, झिरन्या बंद का एलान

MP News: ईद पर प्रतिबंधित मवेशी की बलि देने का आरोप, सात आरोपी गिरफ्तार; गांव में तनाव, झिरन्या बंद का एलान
मध्य
प्रदेश
के
खरगोन
जिले
के
चैनपुर
थाना
क्षेत्र
अंतर्गत
अंबाडोचर
गांव
में
ईद
के
दिन
एक
प्रतिबंधित
मवेशी
(गौवंश)
की
कथित
रूप
से
बलि
दिए
जाने
का
मामला
सामने
आने
से
इलाके
में
सनसनी
फैल
गई
है।
यह
घटना

केवल
धार्मिक
भावनाओं
को
झकझोरने
वाली
है,
बल्कि
क्षेत्र
की
कानून
व्यवस्था
के
लिए
भी
एक
गंभीर
चुनौती
बन
गई
थी।
ग्रामीणों
द्वारा
दी
गई
सूचना
पर
चैनपुर
पुलिस
ने
तत्परता
से
कार्रवाई
कर
सात
आरोपियों
को
गिरफ्तार
कर
लिया
है।
 

घटनास्थल
से
जब्त
हुआ
प्रतिबंधित
मांस
और
अवशेष

मामले
की
जानकारी
मिलते
ही
चैनपुर
पुलिस
सक्रिय
हुई
और
घटनास्थल
पर
पहुंचकर
मृत
प्रतिबंधित
मवेशी
के
शरीर
के
अवशेष
और
मांस
को
जब्त
कर
लिया
गया।
मौके
पर
भीकनगांव
एसडीओपी
राकेश
आर्य
के
नेतृत्व
में
जांच
शुरू
की
गई।
पुलिस
ने
इस
मामले
में
गौवंश
वध
निषेध
अधिनियम
सहित
विभिन्न
धाराओं
में
मामला
दर्ज
किया
है।
गिरफ्तार
किए
गए
सातों
आरोपियों
को
भीकनगांव
न्यायालय
में
पेश
किया
गया,
जहां
से
उन्हें
जेल
भेज
दिया
गया।


यह
भी
पढ़ें- राजा
हत्याकांड
में
खुलासा: मेघालय
में
पत्नी
ने
ही
कराई
हत्या,
भाड़े
पर
बुलाए
हत्यारे;
सोनम
समेत
चार
गिरफ्तार

 

घटना
के
बाद
तनावपूर्ण
माहौल
,
झिरन्या
बंद
का
आह्वान

घटना
के
बाद
से
अंबाडोचर
गांव
और
आसपास
के
क्षेत्र
में
तनाव
का
माहौल
बना
हुआ
है।
हिन्दू
संगठनों
और
स्थानीय
व्यापारियों
ने
इस
घटना
के
विरोध
में
झिरन्या
नगर
बंद
का
आह्वान
किया
है।
इस
एलान
को
देखते
हुए
प्रशासन
ने
क्षेत्र
में
अतिरिक्त
पुलिस
बल
की
तैनाती
कर
दी
है
ताकि
शांति
व्यवस्था
बनाए
रखी
जा
सके।
 


प्रशासन
ने
की
संयम
और
शांति
बनाए
रखने
की
अपील

एसडीओपी
राकेश
आर्य
ने
लोगों
से
शांति
बनाए
रखने
की
अपील
कर
कहा
कि
कानून
अपने
हाथ
में
लेने
की
किसी
को
अनुमति
नहीं
है।
उन्होंने
यह
भी
स्पष्ट
किया
कि
दोषियों
के
खिलाफ
सख्त
कार्रवाई
की
जा
रही
है
और
किसी
भी
प्रकार
की
गड़बड़ी
बर्दाश्त
नहीं
की
जाएगी।


यह
भी
पढ़ें- Sonam
Raghuvanshi: सोनम
रघुवंशी
ने
गाजीपुर
में
किया
आत्मसमर्पण,
गिरफ्तार
की
गई;
पढ़ें
चौंकाने
वाला
खुलासा

 

अफवाह
फैलाने
वालों
पर
होगी
कार्रवाई

इस
संवेदनशील
घटना
को
लेकर
प्रशासन
ने
सोशल
मीडिया
पर
भी
कड़ी
निगरानी
रखनी
शुरू
कर
दी
है।
जिला
प्रशासन
ने
चेतावनी
दी
है
कि
कोई
भी
व्यक्ति
अफवाह
फैलाता
पाया
गया
तो
उसके
खिलाफ
कड़ी
कानूनी
कार्रवाई
की
जाएगी।