
मध्यप्रदेश
के
जनजातीय
कार्य
विभाग
मंत्री
डॉ.
कुंवर
विजय
शाह
इन
दिनों
अपने
गृह
क्षेत्र
खंडवा
जिले
के
खालवा
ब्लॉक
में
हैं,
जहां
उन्होंने
स्थानीय
कन्या
शिक्षा
परिसर
में
हरसूद
विधानसभा
क्षेत्र
के
अधिकारियों
की
बैठक
लेकर
आने
वाले
4
सालों
में
विकास
कार्यों
के
लिए
बनाई
जा
रही
योजनाओं
के
बारे
में
जानकारी
ली।
इस
बैठक
में
मंत्री
डॉ.
शाह
ने
जिले
और
प्रदेश
के
लिए
कई
घोषणाएं
कीं।
उन्होंने
कहा
कि
प्रदेश
सरकार
आदिवासी
बेटे-बेटियों
को
पढ़ाई
के
क्षेत्र
में
आगे
बढ़ाना
चाहती
है
और
इसके
लिए
कई
कार्य
किए
जा
रहे
हैं,
जिनमें
कन्या
शिक्षा
परिसर
खालवा
के
पास
50
सीटर
छात्रावास
एवं
लगभग
12
करोड़
रुपये
लागत
का
एक
महाविद्यालय
भवन
बनाया
जाएगा।
इस
महाविद्यालय
में
आर्ट्स,
कॉमर्स
एवं
साइंस
की
कक्षाएं
संचालित
होंगी।
छात्रावासों
में
रोटी
मेकर
मशीन
और
सीसीटीवी
ग्राम
खेड़ी
के
शिक्षा
परिसर
में
लगभग
500
छात्राएं
पढ़ाई
कर
रही
हैं।
इन
छात्राओं
के
खाना
बनाने
के
लिए
लगभग
5
लाख
रुपये
लागत
की
रोटी
मेकर
मशीन
प्रदान
की
जाएगी,
जिससे
जल्दी
खाना
बनकर
तैयार
हो
सके।
उन्होंने
कहा
कि
जनजातीय
कार्य
विभाग
द्वारा
संचालित
प्रदेश
के
ऐसे
छात्रावास
जहां
200
से
अधिक
विद्यार्थी
हों,
वहां
भी
रोटी
मेकर
मशीन
प्रदान
की
जाएगी,
और
सभी
छात्रावासों
में
सीसीटीवी
कैमरे
लगाए
जाएंगे।
इसके
साथ
ही
सप्ताह
में
एक
दिन
विद्यार्थियों
को
उनके
परिजनों
से
फोन
पर
बात
करने
की
सुविधा
भी
प्रदान
की
जा
रही
है।
महिला
मंडल
संयोजक
बनाए
जा
रहे
बैठक
के
दौरान
जनजातीय
कार्य
विभाग
मंत्री
डॉ.
शाह
ने
कहा
कि
जनजातीय
कार्य
विभाग
द्वारा
संचालित
छात्रावासों
एवं
आश्रम
शालाओं
में
पढ़ने
वाले
विद्यार्थी
जो
फेल
हो
जाते
थे,
उन्हें
अब
दोबारा
प्रवेश
देकर
पढ़ाई
के
लिए
पूरी
सुविधाओं
के
साथ
एक
मौका
और
दिया
जाएगा।
साथ
ही,
जिले
से
बाहर
के
विद्यार्थी
जो
पढ़ाई
कर
रहे
हैं,
उनकी
पढ़ाई
की
व्यवस्था
उनके
गृह
जिले
में
ही
की
जाएगी,
जिससे
वे
अपने
परिवार
के
साथ
रहकर
अध्ययन
कर
सकें।
वहीं,
संभाग
स्तर
पर
महिला
मंडल
संयोजक
बनाए
जा
रहे
हैं,
जो
संभाग
के
जिलों
का
निरीक्षण
करेंगे
एवं
वहां
की
व्यवस्थाओं
के
बारे
में
जानकारी
प्राप्त
करेंगे।
मंडल
संयोजक
विद्यार्थियों
के
मनोविज्ञान
के
बारे
में
जानकारी
भी
लेंगे
एवं
उन्हें
हो
रही
असुविधाओं
की
जानकारी
लेकर
वरिष्ठ
अधिकारियों
तक
पहुंचाएंगे।
इससे
विद्यार्थियों
की
समस्याओं
को
और
बेहतर
तरीके
से
व्यवस्थित
किया
जा
सकेगा।
आदिवासी
भाई
को
वकील
और
पुलिस
का
प्रशिक्षण
मंत्री
शाह
ने
मीडिया
से
चर्चा
में
बताया
कि
जनजातीय
कार्य
विभाग
द्वारा
संचालित
विशिष्ट
आवासीय
संस्थाओं
में
5000
शिक्षकों
के
पद
भरे
जाएंगे।
इसके
लिए
आवेदन
की
प्रक्रिया
भी
जल्द
ही
शुरू
की
जाएगी।
उन्होंने
यह
भी
कहा
कि
आदिवासी
भाई
जो
पुलिस
में
भर्ती
होना
चाहते
हैं,
उनके
लिए
जिला
स्तर
पर
प्रशिक्षण
केंद्र
खोले
जाएंगे।
वहीं,
जो
आदिवासी
भाई
वकील
बनना
चाहते
हैं,
उनके
लिए
भी
खंडवा
में
प्रशिक्षण
दिलाने
की
व्यवस्था
की
जाएगी।
आवास
के
किराए
की
सहायता
बैठक
के
दौरान
मंत्री
डॉ.
शाह
ने
बताया
कि
अनुसूचित
जनजाति
के
विद्यार्थियों
के
लिए
आवास
सहायता
योजना
के
अंतर्गत
मकान
किराये
पर
लेने
के
लिए
भी
राशि
दिए
जाने
का
प्रावधान
है।
इस
योजना
के
तहत
प्रदेश
के
भोपाल,
इंदौर,
जबलपुर,
ग्वालियर
सहित
उज्जैन
शहर
में
पढ़ाई
करने
वाले
विद्यार्थियों
को
मकान
के
किराये
हेतु
2000
रुपये,
जिला
मुख्यालयों
के
लिए
1250
रुपये
तथा
विकासखंड
मुख्यालयों
के
लिए
1000
रुपये
किराये
के
लिए
दिए
जाते
हैं।
देखें
तस्वीरें…