मप्र
में
मानसून
की
आमद
इस
बार
थोड़ा
जल्दी
हो
सकती
है।
–
फोटो
:
अमर
उजाला
विस्तार
नौतपा
के
आठवें
दिन
शनिवार
को
मध्य
प्रदेश
की
राजधानी
भोपाल
में
गर्मी
से
थोड़ी
राहत
मिली
है।
यहां
तापमान
में
गिरावट
देखी
जा
रही
है।
दोपहर
एक
बजे
के
करीब
भोपाल
का
तापमान
38
डिग्री
दर्ज
किया
गया
है।
जबकि
एक
दिन
पहले
इसी
समय
42
डिग्री
से
ज्यादा
दर्ज
किया
गया
था।
आसमान
में
बादल
छाए
हुए
हैं,
जिससे
लोगों
को
आने-जाने
में
ज्यादा
परेशानी
नहीं
आ
रही
है।
मौसम
विभाग
के
अनुसार
दक्षिण-पश्चिम
मानसून
के
मध्य
प्रदेश
में
15
जून
तक
पहुंचने
की
संभावना
है,
जो
राज्य
में
अपने
सामान्य
आगमन
से
दो
दिन
पहले
है।
केरल
और
पूर्वोत्तर
में
मानसून
का
एक
साथ
आना
काफी
दुर्लभ
आईएमडी
भोपाल
के
मौसम
वैज्ञानिक
डॉ.
वेद
प्रकाश
सिंह
ने
बताया
कि
दक्षिण-पश्चिम
मानसून
ने
गुरुवार
को
केरल
और
पूर्वोत्तर
क्षेत्र
में
समय
से
पहले
दस्तक
दे
दिया।
केरल
और
पूर्वोत्तर
में
मानसून
का
एक
साथ
आना
काफी
दुर्लभ
है
और
इससे
पहले
चार
मौकों
पर
ऐसा
हुआ
है
2017,
1997,
1995
और
1991
में
इस
तरह
मानसून
आया
था।
प्रदेश
में
सामान्य
से
अधिक
बरसेगा
मानसून
गौरतलब
है
कि
पिछले
साल
मध्य
प्रदेश
में
मानसून
ने
25
जून
को
दस्तक
दे
दी
थी।
वहीं
मौसम
वैज्ञानिकों
के
अनुसार
इस
बार
15
जून
के
आसपास
मध्य
प्रदेश
में
मानसून
की
एंट्री
हो
जाएगी।
हालांकि
इस
बीच
प्री
मानसून
की
भी
कुछ
बारिश
होने
की
संभावना
बनी
हुई
है।
साथ
ही
मौसम
वैज्ञानिकों
का
कहना
है
कि
मध्य
प्रदेश
में
इस
बार
सामान्य
से
अधिक
बारिश
होने
की
संभावना
है।
जानकारी
के
लिए
बता
दें
कि
मध्य
प्रदेश
में
औसत
बारिश
949
मिमी
रही।
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केरल
में
समय
से
पहले
मानसून
ने
दे
दी
है
दस्तक
मौसम
वैज्ञानिक
डॉ.वेद
प्रकाश
ने
बताया
कि
दक्षिण-पश्चिम
मानसून
ने
केरल
में
समय
से
पहले
दस्तक
दे
दी
है।
उन्होंने
कहा
कि
अगर
प्रगति
सामान्य
रही
तो
मानसून
17
जून
से
एक
या
दो
दिन
पहले
दक्षिण
मध्य
प्रदेश
में
पहुंच
सकता
है।
इससे
पहले
2022
में
मानसून
अपने
सामान्य
समय
से
एक
दिन
पहले
16
जून
को
मध्य
राज्य
में
पहुंचा
था
और
21
जून
तक
राज्य
के
80
प्रतिशत
हिस्से
को
कवर
कर
लिया।