Satta Ka Sangram: भोपाल के युवाओं ने खोली शिक्षा व्यवस्था की पोल, बेरोजगारी उनके लिए सबसे बड़ा मुद्दा

Satta Ka Sangram: भोपाल के युवाओं ने खोली शिक्षा व्यवस्था की पोल, बेरोजगारी उनके लिए सबसे बड़ा मुद्दा
Satta Ka Sangram Bhopal Youth Talk About Lok Saha Election Issues

सत्ता
का
संग्राम
कार्यक्रम
में
भोपाल
के
युवाओं
से
चर्चा।


फोटो
:
अमर
उजाला

विस्तार

अमर
उजाला
के
विशेष
चुनाव
कार्यक्रम
सत्ता
का
संग्राम
का
रथ
मंगलवार
को
भोपाल
पहुंचा।
सुबह
चाय
पर
चर्चा
के
बाद
मध्य
प्रदेश
की
राजधानी
में
स्थित
माखनलाल
चतुर्वेदी
राष्ट्रीय
पत्रकारिता
विश्वविद्यालय
में
युवाओं
से
चर्चा
की।
उनसे
लोकसभा
चुनावों
से
जुड़े
युवाओं
के
मुद्दों
पर
चर्चा
की।
ज्यादातर
युवाओं
के
लिए
सबसे
बड़ा
मुद्दा
शिक्षा
और
रोजगार
ही
रहा।
युवाओं
का
कहना
है
कि
सरकार
सबको
सरकारी
नौकरी
नहीं
दे
सकती।
प्राइवेट
सेक्टर
को
मजबूत
करना
होगा।
तभी
रोजगार
के
साधन
उपलब्ध
हो
सकेंगे। 

ऋतुराज
ने
कहा
कि
भारत
में
युवाओं
को
रोजगार
नहीं
मिल
रहा
है।
आईएलओ
की
रिपोर्ट
थी
कि
देश
में
83
प्रतिशत
युवा
बेरोजगार
हैं।
पढ़ने-लिखने
के
बाद
भी
रोजगार
नहीं
मिला
है।
मैं
बिहार
से
हूं।
उम्मीद
करता
हूं
कि
कांग्रेस
की
सरकार
आएगी
तो
युवाओं
को
रोजगार
मिलेंगे। 

आर्यन
ने
कहा
कि
युवाओं
की
चुनौती
अच्छी
शिक्षा
और
रोजगार
है।
सरकारों
की
तरफ
से
काम
हुए
हैं।
रोजगार
के
साधन
कम
हैं।
इन्हें
बढ़ाने
की
आवश्यकता
है।
अवनीश
मिश्र
ने
कहा
कि
चुनौती
मुख्य
रूप
से
शिक्षा
की
है।
सरकारी
नौकरी
सबको
नहीं
मिल
सकती
है।
स्टार्टअप
इंडिया
जैसी
योजनाओं
से
प्राइवेट
सेक्टर
में
बढ़ावा
मिल
रहा
है।
इससे
प्राइवेट
सेक्टर
में
रोजगार
के
साधन
मिलेंगे।