Sawan 2024: कुबेरेश्वरधाम पर आस्था का सैलाब, सावन के पहले सोमवार पर हजारों कावड़िए पहुंचे

Sawan 2024: Flood of faith at Kubereshwar Dham, thousands of Kavadis arrived on the first Monday of Sawan.

सीहोर
के
कुबेरेश्वर
धाम
में
पहुंचे
कावड़िए


फोटो
:
सोशल
मीडिया

विस्तार

हर
साल
की
तरह
इस
साल
भी
सावन
के
पहले
सावन
सोमवार
पर
हजारों
की
संख्या
में
श्रद्धालु
पूरी
आस्था
और
उत्साह
के
साथ
कावड़
लेकर
कुबेरेश्वर
महादेव
मंदिर
में
पहुंचकर
भगवान
शिव
की
आराधना
में
लीन
है।
गत
दिनों
सात
दिवसीय
शिव
महापुराण
के
दौरान
अंतर्राष्ट्रीय
कथा
वाचक
भागवत
भूषण
पंडित
प्रदीप
मिश्रा
ने
श्रद्धालुओं
से
सावन
में
तीन
कार्य
करने
का
जो
आह्वान
किया
था,
उसका
असर
पूरे
देश
में
दिखाई
दे
रहा
है। 

Trending
Videos

पंडित
श्री
मिश्रा
ने
कथा
के
दौरान
कहा
था
कि
सावन
में
दो
लोटा
जल,
वेल
पत्री
के
वृक्ष
के
नीचे
भगवान
का
जाप
और
तीसरा
पौधा
रोपण
करें।
इस
बात
को
ध्यान
में
रखते
हुए
सीहोर
से
लेकर
कुबेरेश्वरधाम
तक
भगवान
शिव
के
भक्त
हाथों
में
दो
लोटा
जल
लेकर
भगवान
शंकर
के
जय
घोष
के
साथ
पहुंच
रहे
हैं।


विज्ञापन


विज्ञापन

सोमवार
को
हजारों
की
संख्या
में
जिला
मुख्यालय
के
समीपस्थ
चितावलिया
हेमा
स्थित
निर्माणाधीन
मुरली
मनोहर
एवं
कुबेरेश्वर
महादेव
मंदिर
में
पहुंचे
आस्थावान
श्रद्धालुओं
ने
भागवत
भूषण
पंडित
प्रदीप
मिश्रा
के
सान्निध्य
में
बाबा
की
आरती
की।
इस
मौके
पर
करीब
30
हजार
से
अधिक
कावड़
यात्री
पहुंचे
थे।
विठलेश
सेवा
समिति
के
व्यवस्थापक
समीर
शुक्ला,
पंडित
विनय
मिश्रा,
आशीष
वर्मा,
मनोज
दीक्षित
मामा,
पंडित
शिवम
मिश्रा,
आकाश
शर्मा
आदि
ने
यहां
पर
आने
वाले
श्रद्धालुओं
को
पेयजल
के
अलावा
प्रसादी
का
वितरण
किया।


घाट
पर
साफ-सफाई
और
कावड़
यात्रियों
की
व्यवस्था
की
मांग

जिला
संस्कार
मंच
सहित
अन्य
ने
हर
साल
की
तरह
इस
साल
भी
शहर
की
जीवनदायनी
सीवन
नदी
के
घाट
की
साफ-सफाई
और
प्रकाश
के
अलावा
यहां
पर
आने
वाले
श्रद्धालुओं
की
व्यवस्था
के
इंतजाम
के
अलावा
ट्रैफिक
आदि
की
व्यवस्था
की
मांग
की
है।

पूरे
सावन
में
लाखों
श्रद्धालु
आएंगे
कुबेरेश्वरधाम
पर

 जिला
मुख्यालय
के
समीपस्थ
चितावलिया
हेमा
स्थित
निर्माणाधीन
मुरली
मनोहर
एवं
कुबेरेश्वर
पर
हर
साल
की
तरह
इस
साल
भी
लाखों
की
संख्या
में
श्रद्धालु
आस्था
और
उत्साह
के
साथ
धाम
पर
पहुंचकर
भगवान
शिव
का
अभिषेक
करते
हैं।
सावन
के
पूरे
माह
श्रद्धालु
यहां
पर
जयकारे
के
साथ
आते
हैं।
17
अगस्त
को
भव्य
कावड़
यात्रा
निकाली
जाएगी।
इसके
लिए
समिति
द्वारा
अभी
से
तैयारियां
की
जा
रही
है।