
अपने
लुभावने
दृश्यों
के
लिए
प्रसिद्ध
जिले
के
अमरगढ़,
दिगंबर
झरना
एवं
कालियादेव
स्थल
खासकर
मानसून
के
दौरान
अपने
पूरे
शबाब
पर
होते
हैं।
घने
जंगलों
और
चट्टानों
से
घिरे
झरने
का
पानी
एक
मंत्रमुग्ध
कर
देने
वाला
नजारा
बनाता
है।
मानसून
की
बारिश
से
तरोताजा
हुआ
हरा-भरा
परिदृश्य
आकर्षण
को
बढ़ाता
है,
जो
इसे
फोटोग्राफरों
और
प्रकृति
प्रेमियों
के
लिए
स्वर्ग
बनाता
है,
लेकिन
इस
मानसून
में
चार
माह
तक
सैलानी
इस
प्राकृतिक
और
पर्यटन
स्थल
का
आनंद
नहीं
उठा
पाएंगे।
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दरअसल,
बारिश
के
दौरान
सीहोर
जिले
के
अनेक
झरनों
में
बीते
वर्षों
में
हुई
दुर्घटनाओं
को
ध्यान
में
रखते
हुए
तथा
संभावित
दुर्घटनाओं
की
रोकथाम
की
दृष्टि
से
कलेक्टर
एवं
जिला
दंडाधिकारी
बालागुरु
के
ने
अमरगढ़
वॉटरफॉल,
दिगंबर
वॉटरफॉल
तथा
कालियादेव
वॉटरफॉल
पर
15
जून
से
15
अक्तूबर
2025
तक
पर्यटकों
तथा
आम
नागरिकों
का
प्रवेश
प्रतिबंधित
किया
है।
कलेक्टर
एवं
जिला
दंडाधिकारी
ने
जारी
आदेशानुसार
सीहोर
जिले
के
बुधनी
तहसील
स्थित
अमरगढ़
वाटरफॉल
एवं
दिगम्बर
वॉटरफॉल
और
इछावर
तहसील
स्थित
कालियादेव
वॉटरफॉल
स्थानों
पर
वर्षा
काल
के
दौरान
कई
बार
पहाड़ों
से
अचानक
पानी
बढ़ने,
कुण्ड
गहरा
एवं
फिसलन
भरा
होने
से
नहाते
समय
सैलानियों
का
जीवन
खतरे
में
आ
जाता
है।
कई
बार
सैलानी
रास्ता
भी
भटक
जाते
हैं।
इसके
साथ
ही
बचाव
कार्यों
में
लगे
सुरक्षा
बल
के
जवानों
के
लिए
भी
यह
अत्याधिक
जोखिम
पूर्ण
हो
जाता
है।
इस
बात
को
दृष्टिगत
रखते
हुए
कलेक्टर
बालागुरू
के.
ने
इन
स्थानों
पर
वर्षाकाल
के
दौरान
सैलानियों
के
प्रवेश
को
प्रतिबंधित
किया
है।
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दर्ज
आदेश
के
उल्लंघन
पर
होगी
कार्रवाई
कलेक्टर
एवं
जिला
दंडाधिकारी
बालागुरू
के.
द्वारा
जारी
आदेशानुसार
कोई
भी
एजेंसी
या
व्यक्ति
इन
स्थानों
पर
सैलानियों
को
नहीं
ले
जा
सकता।
इसके
साथ
ही
कोई
भी
व्यक्ति
या
संस्था
इन
स्थानों
जाने
के
लिए
किसी
भी
पर्यटक
को
प्रोत्साहित
भी
नहीं
कर
सकता।
इन
स्थानों
पर
चार
पहिया,
दो
पहिया
और
ट्रैक्टर
आदि
वाहनों
को
भी
प्रतिबंधित
किया
गया
है।
आसपास
के
ग्रामवासी
तथा
अन्य
व्यक्ति
इन
स्थानों
पर
जाने
वाले
पर्यटकों
को
टूरिस्ट
गाइड
के
रूप
में
या
अन्य
रूप
में
कोई
भी
संसाधन
उपलब्ध
नहीं
कराएंगे।
इस
आदेश
के
उल्लंघन
करने
वाले
व्यक्ति
के
विरुद्ध
भारतीय
न्याय
संहिता
की
धारा-223
क
के
तहत
कार्रवाई
की
जाएगी।
यदि
इस
आदेश
के
उल्लंघन
की
जानकारी
किसी
नागरिक
के
संज्ञान
में
आती
है
तो
वह
इसकी
सूचना
संबंधित
क्षेत्र
के
एसडीएम
या
थाना
प्रभारी
को
दे
सकता
है।