
आज
सावन
मास
का
पहला
सोमवार
है।
सावन
के
सोमवार
का
महत्व
अलग
ही
होता
है।
श्रावण
सोमवार
पर
कालों
के
काल
बाबा
महाकाल
भक्तों
को
दर्शन
देने
के
लिए
रात
ढाई
बजे
जागते
हैं
और
बाबा
महाकाल
की
इस
दिव्य
आलौकिक
भस्म
आरती
के
दर्शन
का
लाभ
चलित
भस्म
आरती
के
रूप
में
हजारों
श्रद्धालु
अर्जित
करते
हैं।
धार्मिक
नगरी
उज्जैन
एक
ऐसा
स्थल
है
जहां
पर
पूरे
डेढ़
माह
इस
उत्सव
को
धूमधाम
से
मनाया
जाता
है।
ऐसी
मान्यता
है
कि
कुछ
लोग
पूर्णिमा
से
पूर्णिमा
तक
श्रावण
मानते
हैं
जबकि
कुछ
अमावस्या
से
अमावस्या
तक।
महाकालेश्वर
मंदिर
में
महाराष्ट्रीयन
पंचांग
के
अनुसार
प्रत्येक
तीज
त्यौहार
मनाया
जाते
हैं
इसीलिए
उज्जैन
में
इस
उत्सव
का
उत्साह
और
उल्लास
डेढ़
माह
तक
दिखाई
देता
है।
इसके
अंतर्गत
प्रति
सोमवार
को
बाबा
महाकाल
की
सवारी
भी
नगर
भ्रमण
पर
निकलती
है।
अगर,
आप
श्रावण
सोमवार
पर
बाबा
महाकाल
के
दर्शन
करने
आ
रहे
हैं
तो
जानिए
कि
महाकालेश्वर
प्रबंध
समिति
ने
इस
बार
मंदिर
में
आने
वाले
लाखों
भक्तों
के
लिए
किस
प्रकार
की
व्यवस्था
की
है।
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भक्तों
को
यहां
से
मिलेगा
प्रवेश
सामान्य
दर्शनार्थी
:
आम
भक्तों
को
श्री
महाकाल
महालोक
के
नंदी
द्वार
से
प्रवेश
दिया
जाएगा।
यहां
से
श्रद्धालु
मानसरोवर
फैसिलिटी
सेंटर
से
महाकाल
टनल
के
रास्ते
मंदिर
परिसर
से
होते
हुए
कार्तिकेय
व
गणेश
मंडपम
से
भगवान
महाकाल
के
दर्शन
करेंगे।
पश्चात
निर्माल्य
द्वार
तथा
नए
आपातकालीन
द्वार
से
बाहर
निकलेंगे।
श्रद्धालुओं
हेतु
जल
अर्पण
की
व्यवस्था
श्री
महाकालेश्वर
मंदिर
के
सभामंडप
व
कार्तिकेय
मंडपम
में
जलपात्र
के
माध्यम
से
रहेगी।
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शीघ्र
दर्शन
:
भगवान
महाकाल
के
शीघ्र
व
सुविधाजनक
दर्शन
के
लिए
250
रुपये
के
शीघ्र
दर्शन
टिकट
वाले
दर्शनार्थियों
को
गेट
नं.
1
तथा
4
से
प्रवेश
मिलेगा।
लेकिन
प्रति
सोमवार
को
सवारी
निकलने
तक
दोपहर
12
से
शाम
4
बजे
तक
चार
नंबर
गेट
से
प्रवेश
बंद
रखा
जाएगा।
इस
दिन
टिकट
वाले
श्रद्धालुओं
को
भी
एक
नंबर
गेट
से
ही
प्रवेश
दिया
जाएगा।
भस्म
आरती
पर
मंदिर
के
पट
खुलने
का
समय
श्रावण-भादौ
मास
में
प्रतिदिन
भगवान
श्री
महाकालेश्वर
की
भस्म
आरती
वैसे
तो
सप्ताह
के
6
दिन
पट
खुलने
का
समय
प्रात:
3
बजे
होगा।
लेकिन
प्रत्येक
सोमवार
को
भस्म
आरती
प्रात:
2.30
बजे
से
4.30
बजे
तक
होगी।
तीन
पंक्तियों
में
रहेगी
चलित
भस्म
आरती
की
व्यवस्था
श्रावण-भादौ
मास
में
भस्म
आरती
में
कार्तिकेय
मण्डपम
की
अन्तिम
तीन
पंक्तियों
से
श्रद्धालुओं
के
लिए
चलित
भस्म
आरती
दर्शन
की
व्यवस्था
की
जाती
है
चलित
भस्म
आरती
मे
प्रतिदिन
हजारों
श्रद्धालु
बाबा
महाकाल
के
दर्शन
कर
अपने
आप
को
धन्य
महसूस
कर
रहे
हैं।