
उज्जैन
महाकाल
मंदिर
में
होली
मनाने
के
दौरान
गर्भगृह
में
आग
लग
गई
थी।
–
फोटो
:
अमर
उजाला
विस्तार
महाकाल
मंदिर
में
होली
के
दिन
भस्मारती
के
दौरान
लगी
आग
में
झुलसे
पुजारी
और
भक्त
स्वस्थ
होकर
इंदौर
के
अरबिंदो
अस्पताल
से
आ
गए
हैं।
अस्पताल
के
64
डॉक्टर्स
और
टीम
की
उनके
इलाज
में
लगी
थी।
धुलेंडी
पर
हुए
हादसे
में
14
लोग
घायल
हुए
थे
जिसमें
सेवक
सत्यनारायण
सोनी
की
मुंबई
में
मौत
हो
चुकी
है।
शेष
13
को
अस्पताल
से
छुट्टी
दे
दी
गई
है।
इस
मामले
पर
मुख्यमंत्री
मोहन
यादव,
मंत्री
कैलाश
विजयवर्गीय
और
तुलसी
सिलावट
सहित
उज्जैन
कमिश्नर
संजय
गुप्ता,
कलेक्टर
नीरजसिंह,
एडीएम
अनूकुल
जैन
के
अलावा
मंदिर
प्रशासक
मृणाल
मीणा
और
इंदौर
के
कलेक्टर-कमिश्नर
सतत
निगरानी
रखे
हुए
थे।
अरविंदो
के
चेयरमैन
डॉ.
विनोद
भंडारी
ने
बताया
कि
इलाज
के
लिए
अस्पताल
की
64
डॉक्टरों
की
टीम
जुटी
थी।
अस्पताल
की
बर्न
यूनिट
के
हेड
डॉ.
अजय
लुणावत
ने
बताया
कि
अधिकांश
मरीज
30
प्रतिशत
से
अधिक
जले
थे।
सबकी
स्थिति
अलग
थी।
उन
युवा
मरीजों
की
खास
देखभाल
की
गई,
जिनके
चेहरे
बुरी
तरह
झुलस
गए
थे।
डॉक्टर्स
की
टीम
ने
न
केवल
उनकी
जान
बचाई,
बल्कि
अपनी
ओर
से
पूरी
कोशिश
की
कि
उन
युवा
मरीजों
के
चेहरों
पर
जलने
के
भी
निशान
बाकी
न
रहें।
अस्पताल
से
पुजारी
मनोज
जोशी,
संजय
पुजारी,
शुभम
जोशी,
आनंद
विकास
शर्मा,
रमेश
चिंतामण
गहलोत,
सोनू
राठौर,
अंश
शर्मा
मंगल
और
कमल
स्वस्थ
होकर
अपने
घर
पहुंच
चुके
हैं।
अस्पताल
में
डॉ.
फहद
अंसारी,
डॉ.
मुदित
अग्रवाल,
डॉ.
सिमरन
बहल,
डॉ.
चेतन
अग्रवाल
और
अन्य
की
कोशिश
विशेष
रूप
से
उल्लेखनीय
रही।
एक
सेवक
की
हुई
थी
मौत
गंभीर
अवस्था
में
झुलसे
80
वर्षीय
सेवक
सत्यनारायण
सोनी
30
प्रतिशत
से
अधिक
झुलसने
के
बाद
मुंबई
ले
जाए
गए।
उनकी
जान
नहीं
बचाई
जा
सकी।
फॉरेंसिक
फायर
विशेषज्ञों
ने
गर्भगृह
के
अंदर
पहुंचकर
भी
जांच
की
थी।
होली
पर
हुए
अग्निकांड
के
दौरान
कुछ
ऐसी
स्थिति
बनी
थी
कि
कुछ
ही
सेकंड
में
14
पुजारी-कर्मचारी
और
सेवक
झुलस
गए
थे
इस
प्रकार
की
घटना
फिर
से
न
हो
इसीलिए
व्यापक
स्तर
पर
प्रयास
किए
जा
रहे
हैं।
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विज्ञापन
NBC
की
टीम
करेगी
जल्द
मंदिर
का
निरीक्षण
NBC
यानी
नेशनल
बिल्डिंग
कोड
की
टीम
भी
जल्द
महाकाल
मंदिर
पहुंचेगी।
महाकाल
मंदिर
की
इमारत
की
जांच
करेगी।
इससे
किस
क्षेत्र
में
कितने
श्रद्धालु
एक
बार
में
रुक
सकते
हैं,
इसकी
जांच
की
जाएगी।
यह
टीम
मंदिर
के
गर्भगृह,
नंदी
हाल,
कार्तिकेय
मंडपम,
गणेश
मंडपम,
सभा
मंडपम,
टनल,
एंट्री
और
एग्जिट
द्वार
पर
जाकर
इस
बात
की
जानकारी
जुटाएगी।
फिर
निर्णय
लेगी
कि
इन
स्थानों
पर
एक
बार
में
कितने
भक्तों
को
प्रवेश
दिया
जाना
चाहिए।
हादसे
के
समय
भक्तों
की
सुरक्षा
सबसे
ऊपर
रहेगी।
Ujjain
News:
महाकाल
मंदिर
में
होली
पर
हुए
अग्निकांड
में
घायल
पुजारी
और
स्वास्थ्यकर्मी
स्वस्थ
होकर
घर
लौट
गए
हैं।
इससे
पहले
एक
सेवादार
की
इलाज
के
दौरान
मौत
हो
गई
थी।
हादसा
उस
समय
हुआ
था,
जब
महाकाल
मंदिर
के
गर्भगृह
में
रंग-गुलाल
से
होली
खेलते
समय
आग
लग
गई
थी।