यूरिन को फिल्टर कर पिएंगे पानी, खास सूट तैयार, स्पेस में इजी होगी अंतरिक्ष यात्रियों की लाइफ!

यूरिन को फिल्टर कर पिएंगे पानी, खास सूट तैयार, स्पेस में इजी होगी अंतरिक्ष यात्रियों की लाइफ!


Science
News:

अंतरिक्ष
में
हर
चीज
की
परेशानी
होती
है.
अंतरिक्ष
यात्रियों
का
पूरा
बॉडी
क्लॉक
बदल
चुका
होता
है.
बॉडी
पर
खुद
का
कंट्रोल
नहीं
रहता.
उनको
पीने
के
पानी
से
लेकर
टॉयलेट
जाने
तक
में
परेशानी
होती
है.
क्योंकि
वहां
कोई
ग्रेविटी
नहीं
होती
और
इस
कारण
बॉडी
से
निकलने
वाले
वेस्ट
मैटेरियल
जैसे
मल
और
पेशाब
को
भी
अलग
करने
में
दिक्कत
आती
है.
ऐसे
में
अंतरिक्ष
यात्रियों
की
एक
सबसे
बड़ी
परेशानी
को
दूर
करने
के
लिए
साइंटिस्टों
ने
एक
ऐसा
सूट
बनाया
है
जो
उनके
पेशाब
को
पेय
जल
में
कंवर्ट
कर
देगा.
फिर
इस
पेयजल
में
ग्लूकोज
और
प्रोटीन
मिक्स
कर
स्पेस
यात्रियों
की
बॉडी
के
लिए
जरूरी
ऊर्जा
उपलब्ध
करवाई
जाएगी.

दरअलस,
अमेरिकी
स्पेस
एजेंसी
नासा
बीते
करीब
40
सालों
से
एक
ही
स्पेस
सूट
का
इस्तेमाल
कर
रहा
है.
इस
सूट
को
पहनकर
स्पेस
वॉक
पर
जाने
वाले
अंतरिक्ष
यात्रियों
को
काफी
दिक्कतों
का
सामना
करना
पड़ता
है.
कई
बार
शरीर
से
निकलने
वाले
वेस्ट
मैटेरियल
जैसे
मल,
पेशाब,
पसीना…
सब
मिक्स
हो
जाते
हैं
और
उनकी
पूरी
बॉडी
दूषित
हो
जाती
है.
लेकिन,
उनके
पास
इससे
बचने
का
कोई
उपाय
नहीं
होता.
अंतरराष्ट्रीय
स्पेस
स्टेशन
से
एक
स्पेस
वॉक
के
दौरान
एक
यात्री
को
करीब
6:30
घंटे
तक
बाहर
रहना
पड़ता
है.
इस
कारण
उनको
पानी
और
शरीर
के
लिए
जरूरी
ऊर्जा
की
कमी
का
सामना
करना
पड़ता
है.


आधा
लीटर
पेशाब
से
400
एमएल
पानी

सीएनएन
की
वेबसाइट
पर
इस
खास
सूट
के
बारे
में
एक
खास
रिपोर्ट
छपी
है.
इस
खास
सूट
को
न्यूयॉर्क
के
वेल
कार्नेल
मेडिकल
कॉलेज
के
साइंटिस्टों
ने
तैयार
किया
है.
इस
ड्यून
(Dune)
सूट
नाम
दिया
गया
है.
इसका
प्रोटोटाइप
तैयार
हो
गया
है.
इस
सूट
में
बैक
पर
एक
खास
किस्म
का
फिल्टर
लगाया
गया
है,
जो
पेशाब
को
फिल्टर
कर
उसे
पेय
जल
में
कंवर्ट
कर
देता
है.

इसकी
क्षमता
पांच
मिनट
में
500
एमएल
पेशाब
फिल्टर
करने
की
है.
इस
500
एमएल
पेशाब
को
फिल्टर
इस
खास
सूट
से
करीब
400
एमएल
पेय
जल
हासिल
किया
जा
सकता
है.
फिर
इस
सूट
में
ही
ग्लूकोज
और
अन्य
पोषक
तत्व
मिलाने
की
तकनीक
है.
इससे
स्पेस
यात्रियों
की
जिंदगी
काफी
आसान
हो
जाएगी.
अगर
नासा
इस
सूट
को
स्वीकार
कर
लेता
है
तो
आने
वाले
वक्त
में
स्पेस
में
जाने
वाले
यात्रियों
की
जिंदगी
थोड़ी
बेहतर
हो
जाएगी.

हालांकि
इस
सूट
को
अभी
नासा
के
कई
अन्य
मानकों
पर
खरा
उतरना
होगा.
अभी
इस
सूट
की
सबसे
बड़ी
कमी
यही
है
कि
यह
मौजूदा
सूट
की
तुलना
में
आठ
किलो
ज्यादा
वजनदार
है.
लेकिन,
इसे
बनाने
वाली
कंपनी
का
दावा
है
अंतरिक्ष
यात्री
इसकी
खूबियों
को
देखते
हुए
इसे
आसानी
से
अपना
लेंगे.

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