

पटना.
बिहार
के
दानापुर
से
राष्ट्रीय
जनता
दल
के
विधायक
रीत
लाल
यादव
को
भाजपा
नेता
सत्यनारायण
हत्याकांड
में
बड़ी
राहत
मिली
है.
पटना
व्यवहार
न्यायालय
के
एमपी
एमएलए
कोर्ट
की
विशेष
अदालत
ने
मंगलवार
को
रीत
लाल
यादव
को
बड़ी
राहत
देते
हुए
उन्हें
हत्याकांड
के
आरोप
से
बरी
कर
दिया
है.
पटना
उच्च
न्यायालय
के
आदेश
पर
इस
चर्चित
हत्याकांड
की
सुनवाई
स्पीडी
ट्रायल
के
तहत
की
जा
रही
थी.
इस
आपराधिक
मामले
में
दानापुर
के
राष्ट्रीय
जनता
दल
विधायक
रीत
लाल
यादव
समेत
कई
लोग
आरोपी
बनाए
गए
थे.
दानापुर
की
पूर्व
विधायक
आशा
देवी
के
पति
भाजपा
नेता
सत्यनारायण
सिंह
की
हत्या
आरजेडी
की
रैली
के
दिन
30
अप्रैल
2003
को
कर
दी
गई
थी.
दानापुर
थाना
क्षेत्र
के
जमालुद्दीन
चौक
के
पास
सत्यनारायण
सिन्हा
को
गोलियों
से
छलनी
कर
दिया
गया
था.
इस
मामले
में
लालू
यादव
के
बेहद
करीबी
रहे
मौजूदा
विधायक
रीत
लाल
यादव
का
नाम
सबसे
ऊपर
था.
राष्ट्रीय
जनता
दल
के
राष्ट्रीय
अध्यक्ष
लालू
प्रसाद
यादव
तेल
पिलावन
लाठी
घुमावन
रैली
उसी
दिन
कर
रहे
थे.
उसी
दौरान
खगौल
के
जमालुद्दीन
चौक
के
पास
दिनदहाड़े
भाजपा
नेता
सतनारायण
सिंह
की
गाड़ी
पर
हमला
बोला
गया
और
उन्हें
गोलियों
से
छलनी
कर
दिया
गया.
बता
दें,
रीत
लाल
यादव
की
छवि
बाहुबली
नेता
की
रही
है
और
इसी
छवि
के
कारण
रीत
लाल
यादव
ने
राजनीतिक
उपलब्धियां
हासिल
की.
राष्ट्रीय
जनता
दल
ने
रीत
लाल
यादव
को
राजद
का
महासचिव
बनाया
था.
रीतलाल
यादव
ने
2010
के
विधानसभा
सभा
में
निर्दलीय
भाग्य
आजमाया
था.
लेकिन,
बीजेपी
उम्मीदवार
से
पराजय
मिली
और
वह
दूसरे
स्थान
पर
रहे.
इसके
बाद
रीत
लाल
यादव
जेल
से
दानापुर
विधानपरिषद
का
चुनाव
लड़ा
और
बाद
में
एमएलसी
बन
गए.
साल
2012
में
आदित्य
लाल
यादव
पर
मनी
लॉन्ड्रिंग
का
केस
भी
दर्ज
किया
गया
था.
2020
के
बिहार
विधानसभा
चुनाव
में
दानापुर
सीट
से
राजद
ने
रीत
लाल
यादव
को
अपना
प्रत्याशी
घोषित
किया
और
फिर
आशा
सिंह
को
तकरीबन
16000
मतों
से
पराजित
कर
रीत
लाल
यादव
विधायक
बन
गए.
FIRST
PUBLISHED
:
May
14,
2024,
17:58
IST