

Delhi
Crime
Story:
पूर्वी
दिल्ली
के
गुरु
तेगबहादुर
अस्पताल-
जीटीबी
हॉस्पिटल
में
हुए
गोलीकांड
में
पुलिस
को
बड़ी
कामयाबी
हाथ
लगी
है.
पुलिस
ने
इस
मामले
में
दो
लोगों
को
गिरफ्तार
किया
है.
इनमें
एक
नाबालिग
है
और
इसी
ने
ही
हॉस्पिटल
में
ताबड़तोड़
फायरिंग
की
थी.
शाहदरा
जिले
के
स्पेशल
स्टाफ
और
पुलिस
स्टेशन
जीटीबी
एन्क्लेव
की
संयुक्त
टीम
ने
जीटीबी
अस्पताल
गोलीबारी
और
हत्या
के
मामले
में
ये
गिरफ्तारी
की
हैं.
14
जुलाई
को
हुए
इस
गोलीकांड
में
हॉस्पिटल
में
भर्ती
रियाजुद्दीन
मारा
गया.
जबकि
ये
बदमाश
किसी
और
को
मारने
के
लिए
आए
थे.
पुलिस
ने
बताया
कि
हॉस्पिटल
में
गोलीकांड
का
मुख्य
शूटर
एक
नाबालिग
है
और
वही
इस
गैंग
का
मुखिया
है.
यह
नाबालिग
इंस्टाग्राम
पर
रील्स
के
माध्यम
से
20-30
नाबालिगों
के
एक
गैंग
का
संचालन
करता
है.
पुलिस
टीम
ने
दिल्ली-एनसीआर
में
80
किलोमीटर
से
अधिक
इलाके
की
छानबीन
करते
हुए
400
से
अधिक
सीसीटीवी
कैमरों
को
स्कैन
किया.
अपराधियों
की
तलाश
में
दिल्ली,
पूर्वी
और
पश्चिमी
उत्तर
प्रदेश
में
अलग-अलग
स्थानों
पर
छापेमारी
की
गई.
पुलिस
टीम
ने
जांच
में
पता
लगाया
कि
चार
व्यक्तियों
ने
हथियारबंद
होकर
अपराध
को
अंजाम
दिया
था.
दिल्ली
पुलिस
के
मुताबिक,
आरोपी
व्यक्तियों
से
पूछताछ
करने
पर
पता
चला
कि
वे
फोन
पर
बातचीत
के
ज़रिए
अपनी
गतिविधियों
को
अंजाम
देते
थे
और
अधिक
फॉलोअर्स
पाने
के
लिए
इंस्टाग्राम
जैसे
सोशल
मीडिया
प्लेटफॉर्म
पर
शेखी
बघारते
थे.
जब
भी
कोई
वारदात
करते
हैं
तो
उसे
अंजाम
देते
समय
अक्सर
इंस्टाग्राम
और
सिग्नल
ऐप
के
जरिए
इंटरनेट
कॉल
का
सहारा
लेते
हैं.
पूछताछ
के
बाद
घटना
के
बारे
में
महत्वपूर्ण
जानकारी
सामने
आई.
नाबालिग
“ए”
ने
खुलासा
किया
कि
उसे
अनस
का
फोन
आया
था,
जिसने
उसे
वसीम
गिरोह
के
उनके
दोस्त
फैज
की
हत्या
में
शामिल
होने
और
जेल
में
वसीम
गिरोह
के
सदस्यों
द्वारा
अनस
के
भाई
अल्लू
को
दी
गई
धमकियों
और
दुर्व्यवहार
के
बारे
में
बताया.
नाबालिग
‘ए’
फैज
के
भाई
कैफ
पर
वसीम
गिरोह
के
सदस्यों
द्वारा
ब्लेड
से
किए
गए
हमले
से
भी
नाराज
था.
जवाब
में
अनस
ने
वसीम
पर
हमला
करने
की
योजना
बनाई.
जिस
समय
ये
हमला
हुआ
वसीम
भी
जीटीबी
हॉस्पिटल
में
भर्ती
था.
नाबालिग
‘ए’
ने
आगे
खुलासा
किया
कि
अनस
ने
उन्हें
दो
पिस्तौल,
चार
मैगजीन
और
19
राउंड
गोली
मुहैया
कराई
थीं.
‘ए’
ने
एक
पिस्तौल
और
दो
मैगजीन
लीं,
जिनमें
से
प्रत्येक
में
पांच
राउंड
थे,
जबकि
उसके
एक
शूटर
ने
एक
और
पिस्तौल
ली,
जिसमें
एक
मैगजीन
में
पांच
राउंड
और
दूसरे
में
चार
राउंड
थे.
घटना
की
सुबह
फैजान
ने
अस्पताल
की
रेकी
की.
इसके
बाद
फैज
ने
उन्हें
एक
मोटरसाइकिल
मुहैया
कराई.
फैजान
और
नाबालिग
सैफ
और
शावेज
के
साथ
जीटीबी
अस्पताल
गए.
फैजान
ने
वसीम
के
वार्ड
की
पहचान
की.
नाबालिग
‘ए’
ने
फिर
टारगेट
व्यक्ति
पर
पहली
गोली
चलाई.
दूसरी
गोली
चलाने
से
पहले
उसकी
पिस्तौल
जाम
हो
गई.
इसके
बाद,
दूसरे
शूटर
ने
अपनी
पिस्तौल
से
तीन
गोलियां
चलाईं.
नाबालिग
‘ए’
को
इस
बात
पर
संदेह
था
कि
दूसरे
शूटर
की
गोलियां
निशाने
पर
लगी
हैं
या
नहीं,
इसलिए
उसने
मामले
को
अपने
हाथों
में
ले
लिया.
अपने
शिकार
की
मौत
सुनिश्चित
करने
के
लिए,
उसने
जल्दी
से
अपनी
पिस्तौल
की
मरम्मत
की
और
एक
और
राउंड
फायर
किया.
इस
दौरान
सैफ
कॉलोनी
वार्ड
के
गेट
पर
पहरा
दे
रहा
था.
अपनी
योजना
को
अंजाम
देने
के
बाद
ये
ई-रिक्शा
और
एक
मोटरसाइकिल
से
घटनास्थल
से
भाग
गए.
Tags:
Crime
News,
Delhi
Crime
News,
Delhi
police
FIRST
PUBLISHED
:
July
18,
2024,
22:19
IST