
प्रधानमंत्री
मोदी
कच्चातिवु
द्वीप
को
लेकर
प्रधानमंत्री
नरेंद्र
मोदी
ने
कांग्रेस
नेता
दिग्विजय
सिंह
की
टिप्पणी
पर
बड़ा
पलटवार
किया
है.
राजस्थान
के
करौली
में
एक
जनसभा
को
संबोधित
करते
हुए
पीएम
मोदी
ने
कहा
कि
कांग्रेस
ने
कच्चातिवु
को
श्रीलंका
को
दे
दिया
था.
इस
देशविरोधी
कुकृत्य
को
कांग्रेस
बेशर्मी
से
जायज
ठहरा
रही
है.
कल
ही
कांग्रेस
के
एक
बड़े
नेता
ने
कहा
है
कि
कच्चातिवु
पर
कोई
रहता
है
क्या?
अगर
रहता
नहीं
है
तो
क्या
दे
दोगे?
ऐसे
होती
है
देशसेवा?
ये
है
इनकी
मानसिकता.
इनके
लिए
देश
का
खाली
हिस्सा
सिर्फ
जमीन
का
एक
टुकड़ा
है.
पीएम
मोदी
ने
कहा
कि
फिर
रेगिस्तान
के
बारे
में
क्या?
यहां
भी
कोई
नहीं
रहता
तो
क्या
इसे
भी
दे
दोगे?
प्रधानमंत्री
ने
कहा
कि
कल
को
ये
राजस्थान
की
खाली
जमीन
देखकर
भी
यही
कहेंगे
कि
दे
दो
किसी
को.
उन्होंने
कहा
कि
कांग्रेस
का
सिर्फ
इतिहास
ही
खतरनाक
नहीं
है
बल्कि
इरादे
भी
खतरनाक
हैं.
बता
दें
कि
कच्चातिवु
द्वीप
को
लेकर
दिग्विजय
सिंह
ने
कहा
था,
‘कच्चातीवू
द्वीप
पर
कोई
रहता
है
क्या,
मैं
पूछना
चाहता
हूं’.
कांग्रेस
ने
काट
दिया
मां
भारती
का
एक
अंग
बता
दें
कि
कच्चातिवु
द्वीप
को
लेकर
पीएम
मोदी
ने
पिछले
दिनों
भी
कांग्रेस
और
डीएमके
पर
हमला
बोला
था.
उन्होंने
कहा
था
कि
देश
जब
आजाद
हुआ
तब
कच्चातिवु
द्वीप
हमारे
पास
था
लेकिन
कांग्रेस
और
इंडी
अलायंस
के
लोगों
ने
मां
भारती
का
एक
अंग
काट
दिया
और
भारत
से
अलग
कर
दिया.
देश
कांग्रेस
के
रवैये
की
कीमत
आज
तक
चुका
रहा
है.
बता
दें
कि
1974
में
भारत
और
श्रीलंका
ने
मैरीटाइम
समझौता
हुआ
था,
जिसमें
कच्चातिवु
द्वीप
को
श्रीलंका
को
दे
दिया
गया
था.
कांग्रेस
विकास
और
विरासत
दोनों
की
विरोधी
प्रधानमंत्री
मोदी
ने
कहा
कि
कांग्रेस
विकास
और
विरासत,
दोनों
की
विरोधी
है.
कांग्रेस
ने
प्रभु
राम
के
अस्तित्व
पर
सवाल
उठाए,
राम
मंदिर
का
विरोध
किया,
जितने
अड़ंगे
डालने
थे
डाले.
इसके
बाद
भी
उन्हें
प्राण-प्रतिष्ठा
का
निमंत्रण
मिला,
लेकिन
कांग्रेस
ने
उसका
भी
बहिष्कार
कर
दिया.
पीएम
मोदी
ने
कहा
कि
इंडी
गठबंधन
में
इनकी
साथी
पार्टी
सनातन
को
नष्ट
करने
की
बात
करती
है
और
ये
कांग्रेस
वाले
उनका
मौन
समर्थन
करते
हैं.
प्रधानमंत्री
ने
कहा
कि
विकसित
भारत
के
सपने
को
पूरा
करने
के
लिए
मेरा
हर
पल,
हर
क्षण
देश
के
लिए
है.
उन्होंने
कहा
कि
मोदी
आराम
करने
के
लिए
पैदा
नहीं
हुआ
है.
मोदी
मेहनत
करता
है,
क्योंकि
मोदी
के
लक्ष्य
बहुत
बड़े
हैं.