विपक्ष के लिए राजनीतिक हथियार था राम मंदिर, सनातन पर भी उगला जहर- पीएम मोदी

विपक्ष के लिए राजनीतिक हथियार था राम मंदिर, सनातन पर भी उगला जहर- पीएम मोदी
विपक्ष के लिए राजनीतिक हथियार था राम मंदिर, सनातन पर भी उगला जहर- पीएम मोदी


प्रधानमंत्री
नरेंद्र
मोदी

लोकसभा
चुनाव
का
प्रचार
अपने
चरम
पर
है.
प्रधानमंत्री
नरेंद्र
मोदी
भी
ताबड़तोड़
रैलियां
और
जनसभाएं
कर
रहे
हैं.
इसके
साथ
ही
इंटरव्यू
के
माध्यम
से
भी
वो
जनता
तक
अपने
मुद्दों
और
विकास
कार्यों
को
पहुंचा
रहे
हैं.
आज
शाम
साढ़े
पांच
बजे
पीएम
मोदी
अपने
नए
इंटरव्यू
में
देश
से
जुड़े
तमाम
अहम
सवालों
पर
विस्तार
से
जवाब
देंगे.
ये
इंटरव्यू
पीएम
मोदी
ने
न्यूज
एजेंसी
एएनआई
को
दिया
है,
जिसमें
उन्होंने
राम
मंदिर
से
लेकर
सनातन,
केंद्रीय
जांच
एजेंसी
जैसे
मुद्दों
पर
कांग्रेस
तथा
अन्य
विपक्षी
दलों
को
जमकर
घेरा
है.

पीएम
मोदी
ने
जब
ये
पूछा
गया
कि
तमिलनाडु
में
डीएमके
के
नेताओं
ने
सनातन
पर
खूब
बयान
दिए
हैं.
इस
पर
पीएम
मोदी
ने
कहा
कि
डीएमके
का
जन्म
तो
नफरती
बयान
देने
के
लिए
ही
हुआ
है.
डीएमके
के
खिलाफ
लोगों
में
जबरदस्त
गुस्सा
है
और
वो
गुस्सा
बीजेपी
की
तरफ
डायवर्ट
हो
रहा
है.
मगर
कांग्रेस
की
क्या
मजबूरी
है
जो
वह
सनातन
के
खिलाफ
इतना
जहर
उगलती
है.

विपक्ष
के
लिए
राजनीतिक
हथियार
था
राम
मंदिर

वहीं,
जब
प्रधानमंत्री
मोदी
से
ये
सवाल
पूछा
गया
कि
राम
मंदिर
प्राण
प्रतिष्ठा
कार्यक्रम
पर
राजनीतिक
रंग
नहीं
चढ़ना
चाहिए
था
लेकिन
हो
गया,
इस
पर
क्या
कहना
चाहेंगे?
इस
सवाल
के
जवाब
में
पीएम
मोदी
ने
कहा
कि
उनके
(कांग्रेस)
लिए
ये
एक
राजनीतिक
हथियार
था.
अब
हुआ
क्या
राम
मंदिर
बन
गया.
पीएम
मोदी
से
रूस
यूक्रेन
युद्ध
को
रोकने
में
उनकी
भूमिका
को
लेकर
भी
सवाल
पूछा
गया.

रूस-यूक्रेन
युद्ध
को
लेकर
क्या
बोले
प्रधानमंत्री?

इस
सवाल
के
जवाब
में
पीएम
मोदी
ने
कहा
कि
दोनों
राष्ट्रपतियों
के
साथ
मेरा
बड़ी
दोस्तीपूर्ण
व्यवहार
रहा
है.
मैंने
कहा
कि
भारत
के
इतने
लोग
हैं,
हमारे
नौजवान
फंसे
हुए
हैं,
मुझे
आपकी
मदद
चाहिए.
वहीं,
जब
प्रधानमंत्री
ने
ये
पूछा
गया
कि
क्या
इलेक्टोरल
बॉन्ड
का
फैसला
गलत
था?
विपक्ष
कहता
है
कि
ED-CBI-IT
इन
सारी
एजेंसियों
पर
बीजेपी
हावी
है.
वो
तो
चुनाव
आयोग
भी
इसमें
जोड़ते
हैं.
पीएम
मोदी
ने
इस
सवाल
का
भी
बखूबी
जवाब
दिया.
बता
दें
कि
पीएम
मोदी
का
पूरा
इंटरव्यू
5.30
बजे
प्रसारित
होगा.